मीराबाई चानू ने CWG में जीते तीन स्वर्ण पदक, कहा - यह सपना सच होने जैसा है
मीराबाई चानू का स्वर्णिम सफर
भारत की स्टार वेटलिफ्टर मीराबाई चानू ने कॉमनवेल्थ गेम्स (CWG) में तीन स्वर्ण पदक जीतने को अपने लिए एक सपने के सच होने जैसा बताया। चानू ने 190 किलोग्राम वजन उठाकर CWG में लगातार तीसरा पदक जीता, जो कि एक नया रिकॉर्ड है। उन्होंने स्नैच में 82 किलोग्राम और 85 किलोग्राम उठाने के बाद क्लीन एंड जर्क में 105 किलोग्राम उठाया। उन्होंने नाइजीरिया की रूथ असुक्वो न्योंग (168 किलोग्राम) और मलेशिया की आइरीन जेन हेनरी (167 किलोग्राम) को पीछे छोड़ते हुए पहले स्थान पर रही। चानू ने कहा कि लोगों के प्यार और समर्थन ने उन्हें इस शानदार उपलब्धि तक पहुँचाया। "मैं बहुत खुश हूँ। यह कई लोगों का प्यार और समर्थन है। उन्होंने मेरे लिए प्रार्थना की और मुझ पर विश्वास किया कि मैं एक और स्वर्ण पदक जीतूंगी। यह एक खिलाड़ी के लिए तीन लगातार स्वर्ण पदक जीतना सपना सच होने जैसा है," मीराबाई चानू ने कहा।
हालांकि चानू के लिए यह जीत आसान थी, लेकिन उन्होंने इस इवेंट से पहले कई चुनौतियों का सामना किया, जिसमें एक चोट भी शामिल थी। लेकिन उन्होंने इस बाधा को पार करते हुए भारत के लिए प्रतिष्ठित स्वर्ण पदक जीता। "मेरे मन में बहुत कुछ चल रहा था। मुझे यहाँ पहुँचने के लिए कई चुनौतियों का सामना करना पड़ा। मैंने प्रशिक्षण के दौरान चोट लगाई और कई कठिनाइयों को पार किया," उन्होंने कहा।
'मैं भारत के लिए कुछ करना चाहती थी' - मीराबाई चानू
चानू ने कहा कि वह देश के लिए कुछ करने की इच्छा रखती थीं, जिसने उन्हें कठिन समय में भी प्रेरित किया। "मैं भारत के लिए कुछ करना चाहती थी," उन्होंने कहा। उन्होंने अपने प्रशंसकों का भी धन्यवाद किया। "आपका बहुत-बहुत धन्यवाद। उन्होंने मुझे इतना प्यार दिया, मेरे लिए प्रार्थना की और हमेशा मेरा समर्थन किया।"
भारतीय वेटलिफ्टिंग का शानदार प्रदर्शन
इस बीच, भारत ने इस दिन तीन पदक जीते, जिनमें से तीन वेटलिफ्टिंग में आए, जिसमें ऋषिकांत सिंह और राजा मुथुपांडी ने क्रमशः पुरुषों के 60 किलोग्राम और 65 किलोग्राम फाइनल में रजत पदक जीते। इन तीन पदकों के साथ भारत का कुल पदक संख्या चार हो गई। इससे पहले, झंडू कुमार ने पैरा पावरलिफ्टिंग में कांस्य पदक जीता। मुक्केबाज लवलीना बोरगोहेन ने सेमीफाइनल के लिए क्वालीफाई कर लिया है और उन्हें क्वार्टरफाइनल में बाय मिला, जिससे उन्होंने कम से कम एक कांस्य पदक सुनिश्चित कर लिया है।
