EPFO की नई सुविधा: ATM और UPI से PF निकालने का आसान तरीका
EPFO की नई सुविधा का आगाज़
कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (EPFO) अपने करोड़ों खाताधारकों के लिए एक नई सुविधा लाने जा रहा है। मई के अंत तक, खाताधारक अपने पीएफ का पैसा एटीएम और यूपीआई के माध्यम से निकाल सकेंगे। इससे लगभग 7.8 करोड़ सब्सक्राइबर बिना किसी जटिलता के तुरंत धन प्राप्त कर सकेंगे।
EPFO 3.0: नया डिजिटल अनुभव
यह नई सुविधा EPFO 3.0 प्रोजेक्ट का हिस्सा है, जिसका उद्देश्य पीएफ से संबंधित प्रक्रियाओं को सरल, तेज और पूरी तरह से डिजिटल बनाना है। उम्मीद की जा रही है कि 2026 के मध्य तक यह प्रणाली पूरी तरह से लागू हो जाएगी, जिससे पीएफ क्लेम, खाता ट्रांसफर और धन निकासी की प्रक्रियाएं और भी आसान हो जाएंगी।
जल्दी मिलेगा पैसा
EPFO 3.0 के तहत ₹5 लाख तक के क्लेम स्वचालित रूप से निपटाए जाएंगे। इससे क्लेम प्रक्रिया का समय 1020 दिन से घटकर केवल 2 से 5 दिन रह जाएगा। आधार से सत्यापित खातों के लिए पासबुक या चेक की फोटो अपलोड करने की आवश्यकता नहीं होगी, और पूरा प्रक्रिया पेपरलेस होगी।
कैसे निकलेगा PF का पैसा?
नई व्यवस्था में EPFO अपने सदस्यों को एक विशेष एटीएम कार्ड प्रदान करेगा, जो सीधे उनके पीएफ खाते से जुड़ा होगा। इस कार्ड की मदद से उपयोगकर्ता एटीएम मशीन से नकद निकाल सकेंगे। इसके अलावा, PhonePe, Google Pay जैसे यूपीआई ऐप्स के माध्यम से भी पीएफ का पैसा बैंक खाते में ट्रांसफर किया जा सकेगा। प्रारंभिक चरण में 1 लाख रुपए तक की निकासी की सुविधा मिलने की संभावना है।
नौकरी बदलने पर PF का ट्रांसफर
EPFO 3.0 में नौकरी बदलने वाले कर्मचारियों के लिए भी राहत होगी। अब पुराने नियोक्ता से नए नियोक्ता के पास पीएफ बैलेंस स्वचालित रूप से ट्रांसफर हो जाएगा, जिससे बार-बार कंपनी के चक्कर लगाने की आवश्यकता नहीं पड़ेगी।
किसे मिलेगी यह सुविधा?
एटीएम और यूपीआई से पीएफ निकालने के लिए कुछ आवश्यक शर्तें होंगी। सदस्य का UAN सक्रिय होना चाहिए और उसे आधार, PAN और बैंक खाते से लिंक होना आवश्यक है। यदि किसी कर्मचारी की नौकरी चली जाती है, तो वह एक महीने बाद अपने पीएफ का 75% तक निकाल सकता है। शेष 25% राशि दो महीने बाद निकाली जा सकती है।
PF निकासी के फायदे और नुकसान
विशेषज्ञों का मानना है कि पीएफ रिटायरमेंट के लिए एक महत्वपूर्ण बचत होती है। इसमें मिलने वाला चक्रवृद्धि ब्याज लंबे समय में एक बड़ा फंड तैयार करता है। इसलिए, केवल आवश्यकता पड़ने पर ही निकासी करना बेहतर माना जाता है।
PF निकासी पर टैक्स नियम
यदि कर्मचारी ने कुल मिलाकर 5 साल की नौकरी पूरी कर ली है, तो पीएफ निकालने पर कोई आयकर नहीं लगता। यह अवधि एक या एक से अधिक कंपनियों में नौकरी मिलाकर भी पूरी की जा सकती है।
