हरियाणा के मोस्ट वांटेड आरोपी की पुर्तगाल से भारत वापसी

केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) ने हरियाणा के मोस्ट वांटेड अपराधी अभय राणा को पुर्तगाल से भारत लाने में सफलता हासिल की है। आरोपी पर कई गंभीर आरोप हैं, जिसमें रंगदारी मांगना और हत्या की कोशिश शामिल है। जांच में पता चला कि वह अपने गैंग के साथ मिलकर व्यापारियों को धमकियां देकर फिरौती मांगता था। इंटरपोल की मदद से उसकी गिरफ्तारी हुई और अब उसे भारत लाया गया है। जानें इस मामले की पूरी जानकारी और पुलिस की कार्रवाई के बारे में।
 | 
हरियाणा के मोस्ट वांटेड आरोपी की पुर्तगाल से भारत वापसी gyanhigyan

हरियाणा पुलिस को मिली बड़ी सफलता

हरियाणा के मोस्ट वांटेड आरोपी की पुर्तगाल से भारत वापसी


केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) ने विदेश मंत्रालय और गृह मंत्रालय के सहयोग से हरियाणा के मोस्ट वांटेड अपराधी अभय उर्फ अभय राणा को पुर्तगाल से भारत लाने में महत्वपूर्ण सफलता प्राप्त की है। आरोपी को शुक्रवार, 9 मई को दिल्ली के इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय (IGI) एयरपोर्ट पर लाया गया, जहां हरियाणा पुलिस ने उसे अपनी हिरासत में ले लिया। अभय राणा कई गंभीर आपराधिक मामलों में लंबे समय से फरार था। उस पर रंगदारी मांगने, जान से मारने की धमकी देने, संगठित गैंग चलाने और हत्या की कोशिश जैसे गंभीर आरोप हैं। पुलिस के अनुसार, वह लंबे समय से विदेश में छिपा हुआ था और अपने नेटवर्क के माध्यम से अपराधों को अंजाम दे रहा था.


धमकियों के जरिए चलाता था नेटवर्क

जांच एजेंसियों के अनुसार, अभय राणा और उसके साथी व्यापारियों को व्हाट्सऐप कॉल और सोशल मीडिया के माध्यम से धमकियां देकर फिरौती मांगते थे। पुलिस की जांच में यह भी सामने आया कि जो लोग रंगदारी देने से मना करते थे, उनके साथ मारपीट करवाई जाती थी। आरोपी का गैंग हरियाणा और आसपास के क्षेत्रों में सक्रिय था और लोगों में दहशत फैलाने का कार्य करता था.


इंटरपोल की मदद से हुई गिरफ्तारी

हरियाणा पुलिस की मांग पर इंटरपोल ने अभय राणा के खिलाफ रेड नोटिस जारी किया था। इसके बाद जांच एजेंसियों ने उसकी लोकेशन पुर्तगाल में ट्रेस की। पुर्तगाल पुलिस ने स्थानीय स्तर पर कार्रवाई करते हुए उसे गिरफ्तार किया। लंबी कानूनी प्रक्रिया और आवश्यक दस्तावेजों की कार्रवाई के बाद पुर्तगाल सरकार ने उसे भारत प्रत्यर्पित करने की अनुमति दी.


सुरक्षा के बीच एयरपोर्ट पर लाया गया आरोपी

शुक्रवार को हरियाणा पुलिस की विशेष टीम आरोपी को लेकर दिल्ली के IGI एयरपोर्ट पहुंची। एयरपोर्ट पर सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए थे। अब आरोपी से पूछताछ कर उसके गैंग और अन्य आपराधिक नेटवर्क के बारे में जानकारी जुटाई जाएगी। CBI ने बताया कि इंटरपोल और अंतरराष्ट्रीय एजेंसियों की मदद से पिछले कुछ वर्षों में 150 से अधिक फरार अपराधियों को भारत वापस लाया जा चुका है। एजेंसी का कहना है कि देश छोड़कर भागने वाले अपराधियों के खिलाफ लगातार सख्त कार्रवाई की जा रही है, ताकि उन्हें कानून के दायरे में लाया जा सके.