सोने और चांदी की कीमतों में भारी गिरावट, जानें कारण
बाजार में गिरावट का असर
मिडिल-ईस्ट में अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते तनाव के बीच, सर्राफा बाजार से एक महत्वपूर्ण खबर आई है। सोने और चांदी की कीमतों में इस समय भारी गिरावट देखी जा रही है। गुरुवार को मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर सोना और चांदी दोनों ही लाल निशान में कारोबार कर रहे हैं। यदि आप सोना या चांदी खरीदने की सोच रहे हैं, तो यह जानकारी आपके लिए महत्वपूर्ण है।
सोने के भाव में गिरावट
सुबह लगभग 10:12 बजे, MCX पर 5 अगस्त की डिलीवरी वाला सोना 0.45 प्रतिशत यानी 660 रुपये की गिरावट के साथ 1,47,357 रुपये प्रति 10 ग्राम पर कारोबार कर रहा था। वहीं, चांदी की कीमतों में भी गिरावट आई है। 3 जुलाई की डिलीवरी वाली चांदी 0.43 प्रतिशत यानी 1005 रुपये की कमी के साथ 2,34,500 रुपये प्रति किलोग्राम पर ट्रेड कर रही थी।
सोने की कीमतों में बड़ी गिरावट
गुरुवार को बाजार खुलते ही सोने में सुस्ती देखी गई। 5 अगस्त की डिलीवरी वाला सोना 1,46,518 रुपये प्रति 10 ग्राम पर खुला, जबकि बुधवार को यह 1,48,017 रुपये प्रति 10 ग्राम पर बंद हुआ था। आज कारोबार के दौरान सोने की कीमत 1,47,620 रुपये प्रति 10 ग्राम के उच्चतम स्तर से लेकर 1,46,444 रुपये प्रति 10 ग्राम के न्यूनतम स्तर तक पहुंच गई।
चांदी की कीमतों में गिरावट
चांदी के खरीदारों के लिए भी राहत की खबर है। 3 जुलाई की डिलीवरी वाली चांदी की कीमतें आज 2,31,671 रुपये प्रति किलोग्राम पर खुलीं, जबकि बुधवार को यह 2,35,505 रुपये पर थी। आज दिनभर के कारोबार में चांदी का भाव 2,34,527 रुपये प्रति किलोग्राम के उच्चतम स्तर से लेकर 2,30,493 रुपये प्रति किलोग्राम के न्यूनतम स्तर तक गिर गया।
दिल्ली के सर्राफा बाजार की स्थिति
दिल्ली के सर्राफा बाजार में बुधवार को सोने और चांदी की कीमतों में ऐतिहासिक गिरावट देखी गई थी। अखिल भारतीय सर्राफा संघ के आंकड़ों के अनुसार, चांदी की कीमतें एक दिन में 10,000 रुपये (लगभग 4 प्रतिशत) गिरकर 2,45,700 रुपये प्रति किलोग्राम पर आ गई थीं। इसके अलावा, 99.9 प्रतिशत शुद्धता वाले सोने का भाव भी 4300 रुपये (लगभग 3 प्रतिशत) गिरकर 1,56,000 रुपये प्रति 10 ग्राम पर पहुंच गया।
गिरती कीमतों के पीछे के कारण
हाल के दिनों में सोने और चांदी की कीमतों में गिरावट के पीछे अंतरराष्ट्रीय कारण हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते भू-राजनीतिक तनाव के कारण कच्चा तेल 90 डॉलर प्रति बैरल के पार पहुंच गया है। कच्चे तेल की कीमतों में वृद्धि से अमेरिकी डॉलर मजबूत हुआ है, जिसका सीधा असर सोने और चांदी की कीमतों पर पड़ा है। इसके अलावा, ऊर्जा की कीमतों में वृद्धि से महंगाई और ब्याज दरों के ऊंचे रहने की आशंका बढ़ गई है, जिससे निवेशकों का सोने-चांदी में रुचि कम हो गई है।
