सुवेंदु अधिकारी ने पश्चिम बंगाल चुनाव में धर्म और अस्तित्व का मुद्दा उठाया

पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के पहले चरण में भाजपा के नेता सुवेंदु अधिकारी ने धर्म और अस्तित्व के मुद्दे को उठाया। उन्होंने सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस पर तीखा हमला करते हुए कहा कि राज्य में परिवर्तन केवल राजनीतिक आवश्यकता नहीं, बल्कि सनातन धर्म की रक्षा के लिए आवश्यक है। उन्होंने चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली की सराहना की, लेकिन गुंडागर्दी की भी शिकायत की। इस बार वह नंदीग्राम और भवानीपुर से चुनाव लड़ रहे हैं। पहले चरण का मतदान दार्जिलिंग, जलपाईगुड़ी, और अन्य जिलों में हो रहा है।
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सुवेंदु अधिकारी ने पश्चिम बंगाल चुनाव में धर्म और अस्तित्व का मुद्दा उठाया gyanhigyan

सुवेंदु अधिकारी का बयान

पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के पहले चरण के मतदान के दौरान, भाजपा के प्रमुख नेता और नेता प्रतिपक्ष सुवेंदु अधिकारी ने राज्य की राजनीति में 'धर्म' और 'अस्तित्व' के मुद्दे को उठाया। गुरुवार को मतदान करते समय, उन्होंने सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस (TMC) पर तीखा हमला करते हुए कहा कि राज्य में 'परिवर्तन' अब केवल राजनीतिक आवश्यकता नहीं, बल्कि 'सनातन' धर्म की रक्षा के लिए आवश्यक है।


मुख्यमंत्री पर तंज

एक मीडिया चैनल से बातचीत में, सुवेंदु ने ममता बनर्जी के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) अभियान पर टिप्पणी करते हुए कहा कि यदि राज्य में "मृत या फर्जी" मतदाता नहीं होंगे, तो मुख्यमंत्री कभी भी चुनाव नहीं जीत पाएंगी।


परिवर्तन की आवश्यकता

सुवेंदु ने कहा, "परिवर्तन होगा। अगर इस बार बदलाव नहीं आया, तो बंगाल में सनातन धर्म समाप्त हो जाएगा।" उन्होंने चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली की सराहना की, लेकिन यह भी कहा कि कुछ स्थानों पर गुंडागर्दी हो रही है। उन्होंने बताया कि उनके पोलिंग एजेंट को गिरफ्तार कर लिया गया है और तुरंत कार्रवाई की आवश्यकता है।


चुनाव की स्थिति

सुवेंदु, जिन्होंने 2021 के विधानसभा चुनावों में नंदीग्राम सीट से ममता को बहुत कम अंतर से हराया था, इस बार दो सीटों से चुनाव लड़ रहे हैं: नंदीग्राम और भवानीपुर। नंदीग्राम में पहले चरण का मतदान हो रहा है, जबकि भवानीपुर में दूसरे चरण का मतदान 29 अप्रैल को होगा। वोटों की गिनती 4 मई को की जाएगी।


पहले चरण का मतदान

पश्चिम बंगाल चुनावों के पहले चरण में दार्जिलिंग, जलपाईगुड़ी, मुर्शिदाबाद, नदिया, बीरभूम और हुगली जैसे जिलों की 152 विधानसभा सीटों पर मतदान हो रहा है। भारत निर्वाचन आयोग ने कुछ जिलों को विशेष निगरानी में रखा है और मतदान को शांतिपूर्ण बनाने के लिए 2,193 से अधिक क्विक रिस्पॉन्स टीमें (QRTs) तैनात की हैं।


भाजपा की रणनीति

यह चरण भाजपा के लिए महत्वपूर्ण है, क्योंकि 2021 में उसने इन 152 सीटों में से 59 सीटें जीती थीं। पार्टी उत्तरी बंगाल में अपनी स्थिति को मजबूत करना चाहती है, क्योंकि TMC को सत्ता से हटाने के लिए यह क्षेत्र महत्वपूर्ण है।