सहारा रिफंड प्रक्रिया में बदलाव: अब पूरी राशि का दावा संभव
सहारा इंडिया के निवेशकों के लिए राहत
सहारा इंडिया में निवेश करने वाले करोड़ों लोगों के लिए एक सकारात्मक खबर आई है। लंबे समय से रिफंड का इंतजार कर रहे निवेशकों को अब अपनी जमा राशि वापस पाने का एक नया अवसर मिलेगा। केंद्र सरकार के सहकारिता मंत्रालय ने हाल ही में जानकारी दी है कि सहारा रिफंड के लिए पहले निर्धारित 50 हजार रुपये की अधिकतम सीमा को हटा दिया गया है। अब योग्य जमाकर्ता अपनी पूरी बकाया राशि के लिए दावा कर सकते हैं। इसके साथ ही, रिफंड पोर्टल पर आवेदन और शिकायतों के समाधान के लिए तीन नए हेल्पलाइन नंबर भी जारी किए गए हैं।
पूरी जमा राशि के लिए दावा करने की प्रक्रिया
निवेशकों की सबसे बड़ी चिंता यह थी कि वे अपनी जमा राशि के मुकाबले केवल सीमित राशि का ही दावा कर पा रहे थे। अब सरकार की ओर से दी गई जानकारी के अनुसार, 50 हजार रुपये की सीमा समाप्त कर दी गई है। इससे उन जमाकर्ताओं को भी लाभ होगा, जिनकी सहारा की विभिन्न सहकारी समितियों में इससे अधिक राशि फंसी हुई है।
हालांकि, यह ध्यान रखना आवश्यक है कि पूरी राशि का दावा करने का मतलब यह नहीं है कि सभी निवेशकों को बिना किसी सत्यापन के तुरंत पूरा भुगतान मिल जाएगा। रिफंड के लिए आवेदन की जांच और पात्रता से जुड़ी प्रक्रियाएं पहले की तरह लागू रहेंगी।
नए हेल्पलाइन नंबरों की जानकारी
सहारा रिफंड पोर्टल पर आवेदन करते समय कई निवेशकों को तकनीकी समस्याओं और दस्तावेजों से संबंधित परेशानियों का सामना करना पड़ता है। इन समस्याओं के समाधान के लिए तीन नए संपर्क नंबर जारी किए गए हैं।
निवेशक इन नंबरों पर संपर्क कर सकते हैं:
- 011-44716198
- 011-44716498
- 011-44716887
इन नंबरों के माध्यम से रिफंड पोर्टल पर आवेदन, तकनीकी दिक्कतों और शिकायतों से संबंधित सहायता प्राप्त की जा सकती है।
अब तक का रिफंड आंकड़ा
सहकारिता मंत्रालय द्वारा साझा किए गए आंकड़ों के अनुसार, 22 अक्टूबर 2026 तक सहारा के पात्र जमाकर्ताओं को 9,585 करोड़ रुपये से अधिक की राशि उनके बैंक खातों में वापस की जा चुकी है। सुप्रीम कोर्ट के निर्देश के तहत रिफंड प्रक्रिया के लिए कुल 10 हजार करोड़ रुपये की राशि निर्धारित की गई है। इसके लिए 31 दिसंबर 2026 तक की समयसीमा तय की गई है। इस पूरी प्रक्रिया का उद्देश्य सहारा की सहकारी समितियों में फंसी पात्र जमाकर्ताओं की रकम को निर्धारित नियमों के अनुसार वापस करना है।
रिफंड के लिए आवेदन कैसे करें?
जिन निवेशकों ने अभी तक रिफंड के लिए आवेदन नहीं किया है, वे केंद्रीय सहकारी समितियों के रजिस्ट्रार (CRCS) के आधिकारिक सहारा रिफंड पोर्टल के माध्यम से आवेदन कर सकते हैं।
आवेदन करने के लिए सबसे पहले आधिकारिक पोर्टल पर जाना होगा। वहां मांगी गई जानकारी भरने के बाद आवश्यक दस्तावेज अपलोड करने होंगे। आवेदन प्रक्रिया के दौरान आधार कार्ड से जुड़ा सक्रिय मोबाइल नंबर और बैंक खाते की जानकारी जरूरी है। निवेशकों को यह भी सुनिश्चित करना चाहिए कि उनका आधार बैंक खाते से जुड़ा हो, ताकि पहचान सत्यापन और भुगतान की प्रक्रिया में परेशानी न आए।
खारिज आवेदन फिर से जमा करने की प्रक्रिया
जिन निवेशकों के पुराने आवेदन दस्तावेजों में कमी या अन्य कारणों से खारिज हो गए थे, उनके लिए भी राहत की व्यवस्था की गई है। ऐसे निवेशक अपडेटेड रिफंड पोर्टल पर उपलब्ध 'Resubmission Login' विकल्प के माध्यम से दोबारा आवेदन जमा कर सकते हैं।
इसके लिए पहले आवेदन में बताई गई कमियों को ठीक करना होगा और जरूरी दस्तावेज फिर से अपलोड करने होंगे। इसके बाद नए सिरे से आवेदन की जांच की जाएगी।
निवेशकों के लिए सलाह
सहारा रिफंड से जुड़ी इस नई व्यवस्था से उन निवेशकों को राहत मिलने की उम्मीद है, जो लंबे समय से अपनी जमा पूंजी वापस पाने का इंतजार कर रहे हैं। हालांकि, निवेशकों को सलाह दी जाती है कि वे आवेदन और भुगतान से जुड़ी जानकारी केवल आधिकारिक पोर्टल तथा सरकारी माध्यमों से ही प्राप्त करें।
