संजय सेठ ने शशि थरूर की विदेश नीति पर प्रशंसा की, राहुल गांधी को दी सीख

रक्षा राज्य मंत्री संजय सेठ ने शशि थरूर की विदेश नीति का समर्थन करते हुए उनकी प्रशंसा की और राहुल गांधी को सलाह दी कि उन्हें सरकार के निर्णयों की आलोचना में संयम बरतना चाहिए। थरूर ने पश्चिम एशिया में संकट पर भारत की प्रतिक्रिया को जिम्मेदार कूटनीति बताया और ईरान के नेता की हत्या के बाद सतर्कता बरतने की आवश्यकता पर जोर दिया। जानें इस महत्वपूर्ण चर्चा के बारे में और अधिक जानकारी।
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संजय सेठ ने शशि थरूर की विदेश नीति पर प्रशंसा की, राहुल गांधी को दी सीख

भारत की विदेश नीति पर चर्चा

रक्षा राज्य मंत्री संजय सेठ ने पश्चिम एशिया में चल रहे संकट के संदर्भ में भारत की विदेश नीति का समर्थन करते हुए शशि थरूर की सराहना की। उन्होंने कहा कि थरूर हमेशा देश के साथ खड़े रहते हैं और सच्चाई का साथ देते हैं। सेठ ने राहुल गांधी को संबोधित करते हुए कहा कि उन्हें इस बात से सीख लेनी चाहिए कि सरकार के निर्णयों की हर बार आलोचना नहीं की जानी चाहिए।


सेठ ने यह भी कहा कि शशि थरूर हमेशा देश के हित में खड़े रहते हैं और सच बोलते हैं।


कांग्रेस पार्टी की आलोचना

संजय सेठ ने कहा कि हर मुद्दे पर विरोध करना उचित नहीं है। उन्होंने प्रधानमंत्री मोदी की कूटनीति की सराहना की, जिसके कारण देश में शांति बनी हुई है और कोई दहशत नहीं है। उन्होंने यह भी कहा कि डीजल, पेट्रोल और गैस की कोई कमी नहीं है, और जो दुष्प्रचार फैलाया गया है, वह कांग्रेस के नेताओं द्वारा किया गया है।


कांग्रेस नेता शशि थरूर ने पश्चिम एशिया में संकट पर भारत की प्रतिक्रिया को 'जिम्मेदार कूटनीति' बताया। उन्होंने कहा कि अस्थिरता के समय संयम बरतना कमजोरी नहीं, बल्कि ताकत का प्रतीक है।


ईरान और इज़राइल के बीच संघर्ष

थरूर ने ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला खामेनेई की हत्या के बाद भारत को सतर्क कूटनीतिक रुख अपनाने की सलाह दी। उन्होंने कहा कि शोक व्यक्त करना सहानुभूति की अभिव्यक्ति है और निंदा से भिन्न है। थरूर ने मौजूदा सैन्य अभियान के लिए स्पष्ट लक्ष्य निर्धारित करने की आवश्यकता पर जोर दिया और संघर्ष की रणनीतिक दिशा पर सवाल उठाए।


उन्होंने भारत जैसे देशों से तनाव कम करने के प्रयासों में रचनात्मक कूटनीतिक भूमिका निभाने का आग्रह किया।