संजय राउत का केंद्र सरकार पर हमला, वंदे मातरम के अपमान का लगाया आरोप
शिवसेना (UBT) के नेता संजय राउत ने केंद्र सरकार पर वंदे मातरम के अपमान का आरोप लगाया है। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की संसद में अनुपस्थिति पर सवाल उठाते हुए कहा कि यह एक गंभीर मुद्दा है। इसके अलावा, जम्मू-कश्मीर में सुरक्षा चूक के लिए गृह मंत्री अमित शाह से जवाबदेही की मांग की। लोकसभा में हाल ही में पारित 'राष्ट्रीय सम्मान के अपमान की रोकथाम (संशोधन) विधेयक' पर भी उन्होंने अपनी राय रखी। DMK ने इस विधेयक का विरोध किया है, जिसे हिंदुत्व एजेंडा के तहत लाया गया बताया गया है।
| Aug 1, 2026, 13:35 IST
संजय राउत का बयान
शिवसेना (UBT) के प्रमुख नेता और सांसद संजय राउत ने शनिवार को 'राष्ट्रीय सम्मान के अपमान की रोकथाम (संशोधन) विधेयक' के पारित होने पर केंद्र सरकार पर तीखा प्रहार किया। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस विधेयक पर चर्चा के दौरान संसद में अनुपस्थित रहकर वंदे मातरम का अपमान किया। मुंबई में एक समाचार चैनल से बातचीत करते हुए, राउत ने इस मुद्दे पर प्रधानमंत्री की अनुपस्थिति पर सवाल उठाए।
वंदे मातरम का महत्व
राउत ने कहा कि वंदे मातरम की रचना को 150 वर्ष हो चुके हैं। प्रधानमंत्री खुद को एक बड़ा देशभक्त मानते हैं, भले ही उनकी आज़ादी की लड़ाई में कोई भूमिका न हो। फिर भी, उन्होंने वंदे मातरम पर चर्चा के लिए संसद का विशेष सत्र बुलाया। यदि आप वास्तव में देशभक्त हैं और वंदे मातरम के अपमान के खिलाफ कोई विधेयक पेश किया है, तो आपको सदन में उपस्थित रहना चाहिए। उन्होंने कहा कि सरकार, प्रधानमंत्री और गृह मंत्री ने वंदे मातरम का अपमान किया है और इसके लिए उन पर कानूनी कार्रवाई होनी चाहिए।
सुरक्षा मुद्दों पर चिंता
जम्मू-कश्मीर के कुलगाम में हुए आतंकी हमले के संदर्भ में बात करते हुए, राउत ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से सुरक्षा चूक के लिए जवाबदेही की मांग की। उन्होंने कहा कि इस मामले में अमित शाह को बोलना चाहिए। राउत ने पुलवामा और पहलगाम की घटनाओं का जिक्र करते हुए कहा कि अब दो और लोग मारे गए हैं, फिर भी सरकार इस पर कुछ नहीं कह रही है।
विधेयक का पारित होना
इस बीच, शुक्रवार को लोकसभा में 'राष्ट्रीय सम्मान के अपमान की रोकथाम (संशोधन) विधेयक, 2026' को ध्वनि मत से पारित किया गया। इससे एक दिन पहले राज्यसभा ने इसे मंजूरी दी थी। इस विधेयक का उद्देश्य राष्ट्रीय गीत 'वंदे मातरम' के अपमान को आपराधिक अपराध बनाना है, और यह राष्ट्रीय गीत को वैसी ही कानूनी सुरक्षा प्रदान करता है जैसी राष्ट्रीय गान को मिली हुई है।
DMK का विरोध
लोकसभा में DMK ने इस विधेयक का विरोध किया। पार्टी की सांसद कनिमोझी ने आरोप लगाया कि सरकार राष्ट्रवाद के नाम पर हिंदुत्व एजेंडा को आगे बढ़ाने के लिए इस विधेयक का उपयोग कर रही है। उन्होंने कहा कि यह विधेयक राष्ट्रवाद की आड़ में लाया जा रहा है और इसे कानून बनाकर राष्ट्रवाद नहीं थोप सकते।
