शरद कपूर: बॉलीवुड में विलेन से लेकर बिजनेस तक का सफर
महेश भट्ट की फिल्म से करियर की शुरुआत
बॉलीवुड के प्रसिद्ध निर्देशक महेश भट्ट की फिल्म से करियर की शुरुआत करना किसी सपने के सच होने जैसा होता है। कई नए चेहरे इस उद्योग में कदम रखते हैं, लेकिन उनमें से कुछ ही सफल होते हैं। आज हम एक ऐसे अभिनेता की चर्चा करेंगे, जिन्होंने सुष्मिता सेन के साथ अपने करियर की शुरुआत की और कई फिल्मों में काम किया। 1996 में फिल्म 'दस्तक' से बॉलीवुड में कदम रखने वाले इस अभिनेता का नाम शरद कपूर है। उन्होंने हीरो के रूप में फिल्मी दुनिया में प्रवेश किया, लेकिन कुछ गलत निर्णयों के कारण उनका करियर प्रभावित हुआ।
हीरो से विलेन तक का सफर
शरद कपूर उन अभिनेताओं में से एक हैं, जिन्होंने कई बॉलीवुड सितारों के साथ काम किया, लेकिन अचानक फिल्म इंडस्ट्री से गायब हो गए। हालांकि, उन्हें अपनी पहली फिल्म के बाद कई प्रस्ताव मिले, लेकिन उनके करियर का ग्राफ ऊपर नहीं बढ़ सका। अपनी बेहतरीन एक्टिंग और लुक के लिए जाने जाने वाले इस अभिनेता को हीरो के बजाय विलेन के रूप में पहचान मिली। इसके बावजूद, उन्हें फिल्मों में वांछित सफलता नहीं मिली। शरद ने एक्टर बनने का सपना देखा और कड़ी मेहनत के बाद उन्हें फिल्म 'स्वाभिमान' में एक छोटा रोल मिला, जिसके बाद महेश भट्ट ने उन्हें अपनी फिल्म में लीड रोल दिया।
एक्टिंग छोड़कर बिजनेस में कदम
43 फिल्मों के बाद, शरद कपूर ने फिल्म इंडस्ट्री से दूरी बना ली। सफलता की कमी के कारण उन्होंने एक्टिंग के साथ-साथ रेस्टोरेंट का व्यवसाय भी शुरू किया, लेकिन बाद में उन्होंने फिल्मी दुनिया को हमेशा के लिए अलविदा कह दिया। अपने काम के अलावा, उनकी व्यक्तिगत जिंदगी भी चर्चा का विषय रही है। शरद कपूर ने 2008 में पश्चिम बंगाल के पूर्व मुख्यमंत्री ज्योति बसु की पोती कोयल बसु से शादी की।
शरद कपूर का वर्तमान
शरद कपूर अब अपने परिवार के साथ मुंबई में रहते हैं। वह 1990 और 2000 के दशक की बॉलीवुड फिल्मों में अपनी भूमिकाओं के लिए जाने जाते हैं, जिनमें 'जोश' (2000), 'लक्ष्य' (2004) और 'जय हो' (2014) जैसी फिल्में शामिल हैं।
