वीडी सतीशन ने पिनारयी विजयन के साथ सहयोग की आवश्यकता पर जोर दिया

केरल के नए मुख्यमंत्री वीडी सतीशन ने निवर्तमान मुख्यमंत्री पिनारयी विजयन के साथ सहयोग की आवश्यकता पर जोर दिया है। उन्होंने कहा कि राजनीतिक मतभेदों के बावजूद, राज्य के महत्वपूर्ण मुद्दों पर एकजुट होना आवश्यक है। सतीशन ने विकास परियोजनाओं की निरंतरता का आश्वासन दिया और विजयन को अपने शपथ ग्रहण समारोह में आमंत्रित किया। जानें सतीशन के राजनीतिक सफर और उनकी जीत के बारे में।
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वीडी सतीशन ने पिनारयी विजयन के साथ सहयोग की आवश्यकता पर जोर दिया gyanhigyan

सतीशन का विजयन के प्रति सम्मान

केरल के नए मुख्यमंत्री वीडी सतीशन ने शुक्रवार को निवर्तमान मुख्यमंत्री पिनारयी विजयन को राज्य की राजनीति के सबसे अनुभवी नेताओं में से एक बताया। तिरुवनंतपुरम में विजयन से मुलाकात के बाद, सतीशन ने मीडिया से कहा कि राजनीतिक मतभेदों के बावजूद, राज्य के महत्वपूर्ण मुद्दों पर एकजुटता आवश्यक है। उन्होंने यह भी कहा कि विकास परियोजनाओं में कोई बदलाव नहीं किया जाएगा।


विकास परियोजनाओं की निरंतरता

सतीशन ने शासन में निरंतरता पर जोर देते हुए कहा कि पूर्व सरकारों द्वारा शुरू की गई पहलों को बंद नहीं किया जाएगा। उनका मानना है कि यदि एक सरकार दूसरी सरकार की पहलों को रद्द कर देती है, तो केरल की प्रगति कैसे संभव होगी? उन्होंने पिनारयी विजयन को अपने शपथ ग्रहण समारोह में आमंत्रित किया है।


सतीशन का राजनीतिक सफर

वीडी सतीशन 18 मई को मुख्यमंत्री पद की शपथ लेंगे। कांग्रेस के नेतृत्व वाले यूडीएफ ने 140 सदस्यीय विधानसभा में 102 सीटें जीतकर एक निर्णायक जनादेश प्राप्त किया है। सतीशन ने परवूर निर्वाचन क्षेत्र से लगातार छठी बार जीत हासिल की है, जहां उन्होंने 78,658 वोट प्राप्त किए।


राजनीतिक पृष्ठभूमि

सतीशन, जो पेशे से वकील हैं, ने अपने राजनीतिक करियर की शुरुआत केरल छात्र संघ (केएसयू) के माध्यम से की और बाद में युवा कांग्रेस में शामिल हुए। वे 2021 से विधानसभा में विपक्ष के नेता के रूप में कार्यरत थे और वामपंथी सरकार के खिलाफ यूडीएफ के प्रमुख चेहरों में से एक बने।