राहुल गांधी ने पेपर लीक पर केंद्र सरकार को घेरा, छात्रों के अधिकारों की रक्षा की मांग की
राहुल गांधी का केंद्र सरकार पर हमला
कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने शनिवार को देश में हो रहे पेपर लीक और छात्रों के विरोध प्रदर्शनों के संदर्भ में केंद्र सरकार पर तीखा हमला किया। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को सीधे निशाने पर लेते हुए कहा कि सरकार ने निर्दोष छात्रों के अधिकारों की मांग को दबाने के लिए अत्यधिक कठोर कदम उठाए हैं। राहुल गांधी ने यह भी कहा कि सरकार ने छात्रों को रोकने के लिए हर संभव उपाय किए हैं, लेकिन मुख्य समस्या का समाधान करने में पूरी तरह असफल रही है।
सोशल मीडिया पर सरकार की नीतियों की आलोचना
राहुल गांधी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक पोस्ट के माध्यम से सरकार की नीतियों पर कड़ा विरोध जताया। उन्होंने लिखा कि सरकार ने छात्रों के रास्ते में बाधाएं डालने के लिए मेट्रो, रास्ते, दुकानों, इंटरनेट और भोजन पर रोक लगाने जैसी नीतियों को अपनाया है। यह बयान उन छात्रों के समर्थन में आया है जो प्रतियोगी परीक्षाओं में हो रही अनियमितताओं के खिलाफ आवाज उठा रहे हैं।
दमनात्मक रवैये की निंदा
राहुल गांधी ने सरकार के रवैये को दमनात्मक बताते हुए कहा कि शांतिपूर्ण तरीके से अपने अधिकारों की मांग कर रहे युवाओं के साथ ऐसा व्यवहार उचित नहीं है। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार ने छात्रों की आवाज को दबाने के लिए सभी संसाधनों का उपयोग किया है और बुनियादी सुविधाओं पर रोक लगा दी है।
पेपर लीक पर सीधा तंज
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर सीधे तंज करते हुए राहुल गांधी ने पेपर लीक की घटनाओं को सरकार की सबसे बड़ी विफलता बताया। उन्होंने कहा कि केवल एक चीज है जो सरकार रोक नहीं पाई, वह है प्रश्नपत्र का लीक होना। इस टिप्पणी के माध्यम से उन्होंने यह स्पष्ट किया कि सरकार का ध्यान विरोध प्रदर्शनों को दबाने पर है, जबकि परीक्षा प्रणाली को सुरक्षित बनाने में वह पूरी तरह असहाय साबित हुई है।
छात्रों के अधिकारों की रक्षा की आवश्यकता
राहुल गांधी का यह बयान ऐसे समय में आया है जब देश के विभिन्न हिस्सों में छात्र परीक्षा प्रणाली में पारदर्शिता की मांग कर रहे हैं। कांग्रेस पार्टी और राहुल गांधी लगातार इस संवेदनशील मुद्दे को राष्ट्रीय स्तर पर उठाते रहे हैं, यह दर्शाते हुए कि वर्तमान सरकार युवाओं के भविष्य को सुरक्षित रखने के बजाय उनकी आवाज को दबाने में अधिक सक्रिय है।
