राहुल गांधी ने असम में भ्रष्टाचार के खिलाफ उठाई आवाज़
राहुल गांधी का बिस्वनाथ में भाषण
असम विधानसभा चुनाव के संदर्भ में, राहुल गांधी ने बिस्वनाथ में एक बड़ी जनसभा को संबोधित किया। इस अवसर पर, उन्होंने मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा पर भ्रष्टाचार और परिवारवाद के गंभीर आरोप लगाए।
भ्रष्टाचार के आरोप
राहुल गांधी ने कहा कि हिमंता बिस्वा सरमा ने अपने परिवार को भ्रष्टाचार में शामिल कर एक बड़ी गलती की है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि कांग्रेस सत्ता में आती है, तो उनके खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई की जाएगी। राहुल ने स्पष्ट किया कि मुख्यमंत्री को उनके कार्यों के लिए माफी नहीं मिलेगी और उन्हें जेल भेजा जाएगा।
कांग्रेस के बब्बर शेर
राहुल गांधी ने मुख्यमंत्री को 'सबसे भ्रष्ट मुख्यमंत्री' करार देते हुए कहा कि वह नफरत की राजनीति कर रहे हैं। उन्होंने जोर देकर कहा कि हिमंता बिस्वा सरमा चिंतित हैं क्योंकि उन्हें पता है कि कांग्रेस के 'बब्बर शेर' उन्हें नहीं छोड़ेंगे।
असम की विविधता
असम की विविधता का उल्लेख करते हुए, राहुल गांधी ने कहा, 'असम एक फूलों के गुलदस्ते की तरह है, जहां हर समुदाय इसकी असली ताकत है।' उन्होंने गोरखा समुदाय के योगदान की सराहना की, जो सीमाओं पर देश की रक्षा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
दिल्ली से नियंत्रित सरकार
राहुल गांधी ने आरोप लगाया कि असम की सरकार दिल्ली के इशारों पर चल रही है। उन्होंने कहा कि नरेंद्र मोदी और अमित शाह के पास मुख्यमंत्री के भ्रष्टाचार के सबूत हैं, इसलिए हिमंता वही करते हैं जो उन्हें निर्देशित किया जाता है। उन्होंने यह भी कहा कि अब मुख्यमंत्री का परिवार भी कानूनी कार्रवाई के दायरे में आएगा।
नफरत बनाम असम के गौरव
गुवाहाटी में कांग्रेस सांसद इमरान प्रतापगढ़ी ने भाजपा पर निशाना साधते हुए कहा कि पार्टी के भीतर असंतोष बढ़ रहा है। उन्होंने हिमंता बिस्वा सरमा की हताशा को स्पष्ट रूप से देखा। इमरान ने इस चुनाव को 'नफरत बनाम असम के गौरव' का मुकाबला बताया और कहा कि भाजपा के पास कोई उपलब्धि नहीं है, इसलिए वह घुसपैठियों जैसे मुद्दों का सहारा ले रही है।
चुनाव की तारीख
असम में मतदान 9 अप्रैल को होगा और चुनाव के परिणाम 4 मई को घोषित किए जाएंगे।
ट्विटर पर राहुल गांधी का बयान
हिमंता बिस्वा सरमा रात को सो नहीं पाते हैं, क्योंकि वो जानते हैं कांग्रेस के 'बब्बर शेर' उन्हें जेल में डालने जा रहे हैं।
— Congress (@INCIndia) April 5, 2026
वो हाथ जोड़ेंगे असम की जनता से माफी मांगेंगे, लेकिन अब माफी का कोई मतलब नहीं है, उन पर कानूनी कार्रवाई जरूर होगी।
हिमंता बिस्वा सरमा को जितना कूदना-फांदना… pic.twitter.com/zJPiUfTWlM
