राहुल गांधी के 'छात्रों की गूंज' कार्यक्रम में छात्रों की बड़ी भागीदारी
छात्रों की प्रतिक्रिया
प्रयागराज में आयोजित 'छात्रों की गूंज' कार्यक्रम में कांग्रेस नेता राहुल गांधी के साथ हजारों छात्र शामिल हुए। कार्यक्रम के समापन पर छात्रों की प्रतिक्रियाएं मिली-जुली रहीं। इलाहाबाद विश्वविद्यालय से स्नातकोत्तर की पढ़ाई कर रहे हिमांशु त्रिपाठी ने कहा, "राहुल ने विद्यार्थियों के मुद्दों को प्रभावी ढंग से उठाया, लेकिन यह सुनिश्चित नहीं है कि वह सत्ता में आने पर इनका समाधान करेंगे।"
प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रही रश्मि यादव ने कहा कि वह राहुल गांधी के विचार जानने आई थीं ताकि वह विद्यार्थियों के भविष्य के बारे में उनकी सोच समझ सकें। उन्होंने कहा, "राजनेता मंच पर बड़े-बड़े वादे करते हैं, लेकिन सत्ता में आने के बाद उनकी प्राथमिकताएं बदल जाती हैं।"
छोटा बघाड़ा से आए राकेश मौर्य ने कहा, "राहुल ने अपनी बातों से सभी का दिल जीत लिया। गरीब परिवारों के बच्चों को पढ़ाई पूरी करने में कितनी कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है, लेकिन वे नौकरी की उम्मीद में बैठे रहते हैं।"
काशी हिंदू विश्वविद्यालय से आए शशि प्रकाश ने कहा, "राहुल गांधी ने आज के युवाओं की समस्याओं को अच्छी तरह समझ लिया है। जंतर मंतर की घटना के बाद उनकी उम्मीदें बढ़ी हैं।"
कार्यक्रम के दौरान, राहुल गांधी ने मंच पर कई छात्रों से उनकी समस्याएं पूछीं और दूर बैठे विद्यार्थियों से भी संवाद किया।
केपी ग्राउंड में कीचड़ और पानी भरे होने के बावजूद बड़ी संख्या में छात्रों ने इस कार्यक्रम में भाग लिया।
