राहुल और प्रियंका गांधी की नितिन गडकरी से मुलाकात: बस सुरक्षा पर चर्चा
कांग्रेस नेताओं की केंद्रीय मंत्री से मुलाकात
कांग्रेस सांसद राहुल गांधी और उनकी बहन प्रियंका गांधी वाड्रा ने आज सुबह केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी से मुलाकात की। इस बैठक का उद्देश्य बस और ट्रक बॉडी निर्माताओं के संघ को मंत्रालय के नियमों के कारण हो रही समस्याओं पर चर्चा करना था। यह वार्ता देशभर में यात्री बसों में आग लगने की बढ़ती घटनाओं के संदर्भ में हुई। हाल के महीनों में, महाराष्ट्र, कर्नाटक और तमिलनाडु जैसे राज्यों से कई ऐसी घटनाएं सामने आई हैं, जिनमें बसें कुछ ही मिनटों में आग की लपटों में घिर गईं।
बसों में आग लगने के कारण
इन घटनाओं के पीछे अक्सर खराब वायरिंग, घटिया सामग्री का उपयोग या असुरक्षित मरम्मत कार्य जिम्मेदार होते हैं। कुछ मामलों में, उचित आपातकालीन निकास द्वारों की कमी और अत्यधिक ज्वलनशील आंतरिक संरचनाओं ने जानमाल के नुकसान को बढ़ा दिया है। इस स्थिति ने बस सुरक्षा मानकों की गहन जांच की आवश्यकता को जन्म दिया है। इसके परिणामस्वरूप, सरकार ने बस बॉडी निर्माण पर कड़े नियम लागू करने का निर्णय लिया है, जिसमें अनुमोदित डिज़ाइन कोड का पालन और अग्निरोधक सामग्री का उपयोग अनिवार्य किया गया है।
छोटे निर्माताओं की चिंताएं
हालांकि, छोटे निर्माताओं का कहना है कि यह नई व्यवस्था बड़े और संगठित खिलाड़ियों को अनुचित लाभ देती है, जिनके पास अनुपालन के लिए आवश्यक पूंजी और बुनियादी ढांचा है। इससे छोटे वर्कशॉप संकट में पड़ रहे हैं। उद्योग प्रतिनिधियों ने पहले राहुल गांधी से संपर्क किया था, जिसके बाद उन्होंने और प्रियंका गांधी ने गडकरी के साथ बैठक की। बैठक के बाद, प्रियंका गांधी ने कहा कि लाइसेंसिंग प्रक्रिया महंगी और समय लेने वाली है, और गडकरी ने उन्हें आश्वासन दिया कि समस्याओं का शीघ्र समाधान किया जाएगा।
