राजस्थान में मानसून की गतिविधियों में कमी, 12 सितंबर से फिर बारिश की उम्मीद
जयपुर में मानसून की स्थिति
जयपुर: राजस्थान में मानसून की गति एक बार फिर धीमी हो गई है। राज्य के अधिकांश क्षेत्रों में बारिश की गतिविधियाँ कम हो गई हैं। मौसम विभाग के अनुसार, अगले 4-5 दिनों तक मानसून कमजोर रहने की संभावना है। हालांकि, आज कोटा और भरतपुर संभाग के कुछ स्थानों पर हल्की बारिश हो सकती है। इसके बाद 12 सितंबर से बारिश का एक नया दौर शुरू होने की संभावना है।
बारिश में कमी का आंकड़ा
इस मानसून सीजन में राजस्थान में अब तक सामान्य से लगभग 24 प्रतिशत कम बारिश हुई है। 1 जून से 6 सितंबर के बीच राज्य में सामान्य बारिश लगभग 385 मिमी होती है, जबकि इस बार केवल 313 मिमी बारिश दर्ज की गई है। इसका मतलब है कि मानसून का बारिश वाला आंकड़ा अभी भी सामान्य से काफी नीचे है।
सिर्फ चार जिलों में सामान्य से अधिक बारिश
राज्य के अधिकांश जिलों में बारिश सामान्य से कम रही है। अब तक केवल भरतपुर, दौसा, धौलपुर और झुंझुनूं ऐसे जिले हैं जहां सामान्य से अधिक बारिश हुई है।
भरतपुर में 1 जून से 6 सितंबर के बीच सामान्य बारिश 481.7 मिमी के मुकाबले 638.8 मिमी बारिश हुई, जो सामान्य से लगभग 33 प्रतिशत अधिक है। वहीं, दौसा, धौलपुर और झुंझुनूं में भी सामान्य से 7 से 13 प्रतिशत अधिक बारिश हुई है।
आज बारिश की संभावना
आज राजस्थान के भरतपुर और कोटा संभाग के कुछ हिस्सों में हल्की बारिश या बूंदाबांदी की संभावना है। सोमवार को बारिश का दायरा काफी सीमित रहा और अलवर, कोटपूतली, सीकर तथा राजसमंद में कुछ स्थानों पर बारिश हुई। राजसमंद के नाथद्वारा में लगभग 28 मिमी बारिश रिकॉर्ड की गई।
12 सितंबर से मौसम में बदलाव
मौसम विशेषज्ञों के अनुसार, मानसून ट्रफ अपनी सामान्य स्थिति से खिसककर उत्तर भारत की ओर चली गई है। इसी कारण राजस्थान में बारिश की गतिविधियाँ कमजोर हुई हैं। अब 12 सितंबर से बारिश का नया दौर शुरू होने और मानसूनी गतिविधियों में वृद्धि की संभावना जताई गई है। पूर्वी राजस्थान में इसका प्रभाव अधिक देखने को मिल सकता है।
तापमान में वृद्धि
बारिश की गतिविधियों में कमी और धूप निकलने के कारण प्रदेश के कई क्षेत्रों में दिन का तापमान भी बढ़ गया है। करौली, कोटा, प्रतापगढ़, फतेहपुर, अलवर, पिलानी, टोंक और भीलवाड़ा जैसे कई शहरों में अधिकतम तापमान में लगभग 4 डिग्री तक की वृद्धि दर्ज की गई। सोमवार को फलोदी में प्रदेश का सबसे अधिक तापमान 39 डिग्री सेल्सियस रहा।
राजस्थान में मौसम का भविष्य
फिलहाल, राजस्थान में मानसून कमजोर रहने की उम्मीद है। अगले कुछ दिनों में हल्की बारिश की संभावना बनी रहेगी, जबकि पश्चिमी राजस्थान के कई हिस्सों में मौसम मुख्यतः शुष्क रह सकता है। 12 सितंबर के बाद बारिश की गतिविधियों में वृद्धि होने पर प्रदेश में फिर से मानसून सक्रिय होने की उम्मीद है।
