राजस्थान में ग्रामीण सेवा शिविरों से भूमि विवाद का समाधान
ग्रामीण सेवा शिविर का प्रभावी समाधान
जयपुर, 03 अगस्त। राज्य सरकार द्वारा आयोजित ग्रामीण सेवा शिविर-2026 आम जनता की पुरानी समस्याओं के त्वरित और पारदर्शी समाधान का एक महत्वपूर्ण साधन बनते जा रहे हैं। इसी कड़ी में, तहसील तूंगा की ग्राम पंचायत नगराजपुरा में आयोजित शिविर में सह-खातेदारों के बीच लंबे समय से चल रहे भूमि विवाद का आपसी सहमति से समाधान किया गया।
ग्राम नगराजपुरा के निवासी मधुसूदन, जो मोहनलाल के पुत्र हैं, और रमेश चंद, जो घीस्या के पुत्र हैं, के बीच खसरा संख्या 102 से संबंधित सह-खातेदारी भूमि का विवाद काफी समय से लंबित था। भूमि का विभाजन न होने के कारण दोनों पक्षों को कृषि कार्य, राजस्व संबंधी कार्यों और सरकारी योजनाओं का लाभ लेने में कठिनाई हो रही थी।
ग्रामीण सेवा शिविर में राजस्व अधिकारियों ने मामले की जांच की और राजस्व अभिलेखों के आधार पर आपसी सहमति से भूमि का विभाजन पूरा कराया। इससे वर्षों से चल रहा भूमि विवाद समाप्त हो गया और दोनों सह-खातेदारों को अपनी-अपनी भूमि पर स्वतंत्र अधिकार मिल गया।
समस्या का समाधान होने पर लाभार्थियों ने खुशी व्यक्त की और राज्य सरकार तथा ग्रामीण सेवा शिविर में कार्यरत अधिकारियों का आभार जताया। उन्होंने कहा कि इस शिविर के माध्यम से उनकी वर्षों पुरानी समस्या का त्वरित समाधान हुआ है, जिससे अब कृषि कार्यों, ऋण, सरकारी योजनाओं और अन्य राजस्व संबंधी कार्यों में कोई कठिनाई नहीं होगी।
