राजस्थान में अवैध विस्फोटक सामग्री के खिलाफ प्रशासन की सख्त कार्रवाई
नागौर में अवैध विस्फोटक सामग्री का मामला
राजस्थान के नागौर जिले में अवैध विस्फोटक सामग्री के एक बड़े मामले में प्रशासन ने कठोर कदम उठाए हैं। 'बारूद किंग' के नाम से मशहूर सुलेमान खान के फार्महाउस पर बुलडोजर चलाया गया, जिससे उनका बड़ा निर्माण मलबे में तब्दील हो गया।
यह कार्रवाई हरसौर गांव में की गई, जहां जनवरी 2026 में पुलिस ने गणतंत्र दिवस से पहले लगभग 10 टन अमोनियम नाइट्रेट सहित भारी मात्रा में अवैध विस्फोटक बरामद किए थे। इस घटना ने क्षेत्र में हड़कंप मचा दिया और यह मामला राष्ट्रीय सुरक्षा एजेंसियों के ध्यान में आया।
सुलेमान खान, जिनकी उम्र लगभग 58 वर्ष है, ने गांव की सीमा पर 45 बीघा भूमि पर अवैध रूप से एक फार्महाउस का निर्माण किया था। जांच में यह सामने आया कि इसमें से लगभग 25 बीघा सरकारी गोचर भूमि पर अवैध कब्जा किया गया था। यह स्थान विस्फोटक सामग्री के भंडारण और अवैध सप्लाई का एक प्रमुख केंद्र बन गया था।
पुलिस ने 24-25 जनवरी 2026 को छापेमारी की, जिसमें सुलेमान खान सहित पांच लोगों को गिरफ्तार किया गया। मामले की गंभीरता को देखते हुए इसे NIA को सौंप दिया गया है। सुलेमान पहले वैध रूप से विस्फोटक मैगजीन चलाते थे, लेकिन लाइसेंस समाप्त होने के बाद उन्होंने अवैध गतिविधियों में कदम रखा।
शुक्रवार, 6 मार्च 2026 को, प्रशासन और पुलिस ने मिलकर फार्महाउस, दीवारों और अतिक्रमण को पूरी तरह से ध्वस्त कर दिया। यह कार्रवाई अवैध कब्जे और विस्फोटक तस्करी के खिलाफ एक महत्वपूर्ण सफलता मानी जा रही है।
प्रशासन ने कहा है कि ऐसी कार्रवाइयां आगे भी जारी रहेंगी ताकि राजस्थान में अवैध बारूद का कोई नेटवर्क न बन सके।
