योगी आदित्यनाथ ने उत्तर प्रदेश के लिए 60,000 करोड़ रुपये के सड़क परियोजनाओं की घोषणा की
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने हाल ही में उत्तर प्रदेश के लिए 50,000 से 60,000 करोड़ रुपये के सड़क निर्माण परियोजनाओं की मंजूरी की घोषणा की। इस योजना में उत्तर-दक्षिण कनेक्टिविटी को सुधारने के लिए कई महत्वपूर्ण प्रस्ताव शामिल हैं। आदित्यनाथ ने बताया कि इन परियोजनाओं से राज्य का सड़क नेटवर्क मजबूत होगा और आर्थिक विकास में तेजी आएगी। उन्होंने इस बदलाव का श्रेय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को दिया और कहा कि उत्तर प्रदेश अब एक मिसाल बनकर उभरा है।
| Jul 13, 2026, 19:00 IST
मुख्यमंत्री का बड़ा ऐलान
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोमवार को जानकारी दी कि केंद्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने राज्य के लिए 50,000 से 60,000 करोड़ रुपये के सड़क निर्माण परियोजनाओं को मंजूरी दी है। इनमें उत्तर-दक्षिण कनेक्टिविटी को सुधारने के लिए प्रस्ताव भी शामिल हैं। 4,850 करोड़ रुपये से अधिक के राष्ट्रीय राजमार्ग परियोजनाओं के उद्घाटन और शिलान्यास के अवसर पर बोलते हुए, आदित्यनाथ ने बताया कि नई मंजूरियों में पांच लाख से अधिक जनसंख्या वाले शहरों के लिए बाईपास और हर ज़िला मुख्यालय तक चार-लेन कनेक्टिविटी शामिल है। उन्होंने कहा कि आज गडकरी ने 50,000 से 60,000 करोड़ रुपये के सड़क परियोजनाओं को मंजूरी दी है। उत्तर प्रदेश में पूर्वांचल, गंगा, बुंदेलखंड, आगरा-लखनऊ और गोरखपुर लिंक एक्सप्रेसवे के माध्यम से पहले से ही बेहतरीन पूर्व-पश्चिम कनेक्टिविटी मौजूद है, लेकिन अब नॉर्थ-साउथ कनेक्टिविटी को मजबूत करने के लिए नए क्षेत्रों की पहचान की गई है।
आर्थिक विकास में तेजी
आदित्यनाथ ने आगे कहा कि उन्होंने पांच लाख से अधिक जनसंख्या वाले शहरों के लिए बाईपास और हर ज़िला मुख्यालय तक फोर-लेन कनेक्टिविटी को भी मंजूरी दी है। गडकरी और रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह का आभार व्यक्त करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि इन मंजूरियों से उत्तर प्रदेश का सड़क नेटवर्क मजबूत होगा और आर्थिक विकास में तेजी आएगी। उन्होंने बताया कि पिछले दशक में राज्य में महत्वपूर्ण बदलाव आया है। दस साल पहले उत्तर प्रदेश पहचान के संकट का सामना कर रहा था। न तो कोई नीति थी और न ही कोई दिशा। राज्य दंगों और माफिया राज का प्रतीक बन गया था और इसे 'बीमारू' राज्यों में गिना जाता था।
उत्तर प्रदेश का नया चेहरा
आदित्यनाथ ने कहा कि अब उत्तर प्रदेश 'बीमारू' राज्य नहीं रहा है। यह भारत की अर्थव्यवस्था का ग्रोथ इंजन बन गया है। उन्होंने इस बदलाव का श्रेय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सोच को दिया और कहा कि उत्तर प्रदेश अच्छे शासन, बेहतर सुरक्षा और विश्वस्तरीय इंफ्रास्ट्रक्चर के मामले में एक उदाहरण बनकर उभरा है। उन्होंने बताया कि राज्य में अब सड़कों, रेलवे, मेट्रो रेल, हवाई अड्डों और आंतरिक जलमार्ग का एक समेकित परिवहन नेटवर्क है। गडकरी की सराहना करते हुए आदित्यनाथ ने कहा कि इन्फ्रास्ट्रक्चर विकास के मामले में नितिन गडकरी की डिक्शनरी में 'नहीं' शब्द का कोई स्थान नहीं है। उन्होंने भारत के सड़क इन्फ्रास्ट्रक्चर में बदलाव का श्रेय भी केंद्रीय मंत्री को दिया और कहा कि वाराणसी और हल्दिया के बीच देश का पहला आंतरिक जलमार्ग उनके नेतृत्व में शुरू किया गया था।
