मैनपुरी में डुप्लीकेट वोटर्स पर सपा का आरोप, चुनाव आयोग से कार्रवाई की मांग

उत्तर प्रदेश के मैनपुरी में समाजवादी पार्टी ने वोटर लिस्ट में गड़बड़ी का आरोप लगाया है, जिसमें एक ही मतदाता के नाम को कई बार दर्ज करने का दावा किया गया है। सपा ने चुनाव आयोग से कार्रवाई की मांग की है और निष्पक्ष चुनाव की अपील की है। पार्टी का कहना है कि मैनपुरी जिले की चारों विधानसभाओं में डुप्लीकेट वोटर्स की संख्या हजारों में है। जानें इस मामले में सपा की क्या शिकायतें हैं और चुनाव आयोग की प्रतिक्रिया क्या हो सकती है।
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मैनपुरी में डुप्लीकेट वोटर्स पर सपा का आरोप, चुनाव आयोग से कार्रवाई की मांग gyanhigyan

मैनपुरी में वोटर लिस्ट में गड़बड़ी का आरोप

उत्तर प्रदेश में एसआईआर प्रक्रिया के दौरान कई नामों को हटाया गया और कुछ नए जोड़े गए, जिससे विपक्ष ने वोटर लिस्ट पर सवाल उठाए हैं। मैनपुरी में इस मुद्दे को लेकर समाजवादी पार्टी (SP) ने गंभीर आरोप लगाए हैं। पार्टी का कहना है कि एक ही मतदाता के नाम को कई बार, यहां तक कि 6 बार, वोटर लिस्ट में दर्ज किया गया है।


सपा ने चुनाव आयोग को ज्ञापन सौंपा

सपा प्रमुख और पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव के निर्देश पर पार्टी ने मैनपुरी में सक्रियता दिखाई और चुनाव आयोग को इस संबंध में ज्ञापन सौंपा। पार्टी ने निष्पक्ष चुनाव की मांग की है। सपा के नेताओं का आरोप है कि मैनपुरी जिले की चारों विधानसभाओं में एक ही नाम, पता, उम्र और बूथ पर कई मतदाताओं के नाम दर्ज हैं।


डुप्लीकेट वोटर्स की संख्या में वृद्धि

पार्टी ने मैनपुरी की विधानसभा सीटों पर हजारों डुप्लीकेट वोटर्स होने का दावा किया है। सपा प्रतिनिधिमंडल ने मुख्य निर्वाचन अधिकारी को ज्ञापन सौंपकर त्वरित कार्रवाई की मांग की। भोगांव विधानसभा में एक ही वोटर का नाम 6 बार दर्ज होने का आरोप लगाया गया है, जबकि करहल विधानसभा क्षेत्र में 5776 से अधिक डुप्लीकेट वोटर्स के नाम होने का दावा किया गया है।


एक वोटर का नाम 10 बार दर्ज

श्रावस्ती जिले के भिनगा विधानसभा क्षेत्र में एक मतदाता का नाम 10 बार दर्ज होने का आरोप है। इसके अलावा, झांसी विधानसभा में कई मृतक मतदाताओं के नाम भी वोटर लिस्ट में शामिल होने की बात कही गई है।


सपा की शिकायत

सपा ने अपनी शिकायत में कहा कि प्रदेश में एसआईआर प्रक्रिया पूरी होने के बावजूद वोटर लिस्ट को सही और दुरुस्त नहीं किया गया है। पार्टी ने उत्तर प्रदेश के 1.77 लाख से अधिक पोलिंग बूथों की वोटर लिस्ट पर भी सवाल उठाए हैं।