मुरादाबाद में दहेज प्रताड़ना और तीन तलाक का मामला: विवाहिता ने लगाए गंभीर आरोप

उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद में एक विवाहिता ने अपने पति और ससुराल वालों पर दहेज प्रताड़ना और तीन तलाक के गंभीर आरोप लगाए हैं। इस मामले में महिला ने बताया कि उसे दहेज के लिए प्रताड़ित किया गया और उसके साथ मारपीट की गई। इसके अलावा, उसने आरोप लगाया कि उसके पति ने उसे आपत्तिजनक फोटो खींचकर इंटरनेट पर फैलाने की धमकी दी। यह मामला समाज में दहेज प्रथा और तीन तलाक के मुद्दों पर गंभीर सवाल उठाता है। जानें इस प्रकरण की पूरी कहानी और इसके पीछे की सच्चाई।
 | 
मुरादाबाद में दहेज प्रताड़ना और तीन तलाक का मामला: विवाहिता ने लगाए गंभीर आरोप gyanhigyan

मामले का विवरण

मुरादाबाद में दहेज प्रताड़ना और तीन तलाक का मामला: विवाहिता ने लगाए गंभीर आरोप


उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद से एक विवाहिता ने अपने पति और ससुराल वालों पर दहेज प्रताड़ना और तीन तलाक के गंभीर आरोप लगाए हैं। यह मामला कटघर थाना क्षेत्र से संबंधित है।


महिला का विवाह 28 फरवरी 2022 को संभल जनपद के लुकन्दरी सराय निवासी युवक से हुआ था। विवाह के बाद से ही, उसके पति, सास और ननद द्वारा दहेज की मांग को लेकर उसे प्रताड़ित किया जाता रहा। उसने यह भी बताया कि परिवार के अन्य सदस्य, जैसे देवर और बहनोई, उस पर गलत नजर रखते थे।


महिला ने आरोप लगाया कि उसके पति ने उसके आपत्तिजनक फोटो खींच लिए थे और उन्हें इंटरनेट पर फैलाने की धमकी दी थी। जब उसने इसका विरोध किया, तो उसके साथ मारपीट की गई। उसने यह भी कहा कि प्रताड़ना और हिंसा के कारण उसके नवजात शिशु की मृत्यु हो गई। हालांकि, इन आरोपों की जांच चल रही है।


घटनाक्रम के अनुसार, 30 अगस्त 2023 को उसे घर से निकाल दिया गया। इसके बाद 10 सितंबर 2023 को उसके पति और अन्य लोग उसे जबरन ले जाने का प्रयास कर रहे थे। जब उसने विरोध किया, तो उसके साथ मारपीट की गई और जान से मारने की कोशिश की गई। इसी दौरान पति ने तीन तलाक कहकर संबंध समाप्त करने की बात कही।


महिला ने यह भी आरोप लगाया कि तलाक के बाद उस पर हलाला कराने का दबाव डाला गया और उसके देवर और बहनोई ने जबरन दुष्कर्म की कोशिश की।


इस मामले में प्रारंभिक स्तर पर पुलिस ने कोई कार्रवाई नहीं की, लेकिन बाद में वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के आदेश पर संबंधित धाराओं में मामला दर्ज किया गया और जांच शुरू की गई।


यह मामला 2023 में दहेज प्रताड़ना, वैवाहिक विवाद और तीन तलाक कानून के उल्लंघन के आरोपों के साथ दर्ज घटनाओं में से एक है। यह प्रकरण समाज में एक गंभीर आपराधिक घटना के रूप में याद किया जाएगा, जिसकी सच्चाई न्यायिक प्रक्रिया के माध्यम से सामने आएगी।