मुरादाबाद अस्पताल में डॉक्टर और युवती के बीच विवाद: क्या है सच?
मामले का संक्षिप्त विवरण
उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद जिला अस्पताल में एक वरिष्ठ महिला चिकित्सक और एक युवती के बीच विवाद ने काफी ध्यान आकर्षित किया है। सोशल मीडिया पर वायरल हुए वीडियो और डॉक्टर के बयान ने इस मामले को नया मोड़ दिया है। युवती ने आरोप लगाया है कि डॉक्टर ने मरीजों के साथ दुर्व्यवहार किया और इलाज से मना कर दिया। दूसरी ओर, डॉक्टर ने इसे सरकारी व्यवस्था को बदनाम करने और सोशल मीडिया पर फॉलोअर्स बढ़ाने की साजिश बताया है.
डॉक्टर की शिकायत
जिला अस्पताल की ओपीडी में तैनात त्वचा रोग विभाग की इंचार्ज, डॉ. आबिदा खातून ने सिविल लाइंस थाने में शिकायत दर्ज कराई है। उनका कहना है कि शनिवार सुबह करीब 11 बजे नाजिश और जुनैरा नाम की दो युवतियां अपनी मां के साथ उनके कक्ष में आईं। उन्होंने अस्पताल के नियमों का पालन नहीं किया और काउंटर पर स्टाफ से बहस की।
सरकारी काम में बाधा
डॉ. आबिदा का कहना है कि इस दौरान युवतियों ने जानबूझकर सरकारी काम में बाधा डालते हुए वीडियो रिकॉर्ड किया, जिसे बाद में सोशल मीडिया पर भ्रामक दावों के साथ साझा किया गया। उन्होंने आरोप लगाया कि यह सब सोशल मीडिया पर फॉलोअर्स बढ़ाने के उद्देश्य से किया गया।
वायरल वीडियो और कार्रवाई की मांग
वहीं, वायरल वीडियो में युवती ने दावा किया है कि डॉक्टर ने मरीजों के साथ गलत व्यवहार किया और इलाज से मना कर दिया। उसने प्रशासन से डॉक्टर के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
डॉक्टर की सुरक्षा की गुहार
डॉ. आबिदा ने अपनी सुरक्षा को लेकर चिंता जताते हुए पुलिस से न्याय की गुहार लगाई है। उनका कहना है कि जिला अस्पताल में रोजाना 150 से अधिक मरीज आते हैं, और किसी भी असामाजिक तत्व को सरकारी व्यवस्था को ठप करने की अनुमति नहीं दी जानी चाहिए।
पुलिस की कार्रवाई
डॉक्टर ने सिविल लाइंस थाने में नामजद तहरीर दी है। पुलिस का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है, और वायरल वीडियो, सीसीटीवी फुटेज और दोनों पक्षों के बयानों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी.
