महिला पहलवानों के यौन शोषण मामले में बृजभूषण शरण सिंह को मिली राहत
बृजभूषण शरण सिंह को कोर्ट से मिली बरी होने की राहत
महिला पहलवानों के यौन शोषण के मामले में भाजपा नेता और पूर्व सांसद बृजभूषण शरण सिंह को दिल्ली की राउज एवेन्यू कोर्ट से बड़ी राहत मिली है। सोमवार को अदालत ने सबूतों की कमी के चलते उन्हें सभी आरोपों से मुक्त कर दिया। एडिशनल चीफ ज्यूडिशियल मजिस्ट्रेट अश्वनी पंवार ने सुबह 10 बजे इस महत्वपूर्ण मामले का फैसला सुनाया।
अदालत के निर्णय के बाद, बृजभूषण शरण सिंह ने कहा कि उनके खिलाफ एक साजिश की गई थी। उन्होंने यह भी बताया कि अदालत के आदेश ने उनके द्वारा पहले रखे गए पक्ष को सही साबित किया है। उनके वकील ने कहा कि वे अदालत के विस्तृत आदेश का इंतजार कर रहे हैं और यह भी कि उन्होंने शुरुआत से ही अदालत में शिकायतों और शिकायतकर्ताओं के बयानों में विसंगतियों की बात उठाई थी। विस्तृत आदेश मिलने के बाद वे आगे की कानूनी प्रक्रिया पर चर्चा करेंगे।
यह मामला जनवरी 2023 में तब शुरू हुआ जब पहलवानों ने यौन शोषण के आरोप लगाए। तब से अब तक, इस मामले में अदालत में 1133 दिनों में 127 बार सुनवाई हुई है। इसमें 2023 में 24, 2024 में 37, 2025 में 30 और 2026 में 36 सुनवाई शामिल हैं।
कानूनी प्रक्रिया के तहत, दिल्ली पुलिस की चार्जशीट के आधार पर अदालत ने 10 मई 2024 को आरोप तय किए थे, जिसके बाद मुकदमे का ट्रायल शुरू हुआ। बृजभूषण शरण सिंह 20 जुलाई 2023 से नियमित जमानत पर थे। दोनों पक्षों की लंबी बहस और दलीलें पूरी होने के बाद, अदालत ने 2 जुलाई 2026 को अपना फैसला सुरक्षित रखा था, जिसे आज सुनाया गया।
