महाराष्ट्र में मंदिर की छत गिरने से श्रद्धालुओं की जानें गईं, बचाव कार्य जारी
परभणी में मंदिर की छत गिरने की घटना
महाराष्ट्र के परभणी जिले में शनिवार को एक दुखद घटना में एक मंदिर की छत का एक हिस्सा ढह गया। प्रारंभिक रिपोर्टों के अनुसार, कई श्रद्धालुओं के मलबे में दबे होने की आशंका है, और कई अन्य लोग घायल हुए हैं। अनुमान है कि 30 से 40 लोग फंसे हुए हैं, जबकि आठ लोगों को सुरक्षित निकाल लिया गया है। पांच लोगों की स्थिति गंभीर बताई जा रही है, और अन्य लोगों को बचाने का प्रयास जारी है। ताजा जानकारी के अनुसार, इस घटना में पांच लोगों की जान चली गई है और 18 लोग गंभीर रूप से घायल हुए हैं.
घटना की जांच और बचाव कार्य
अधिकारियों ने बताया कि घायलों को नजदीकी अस्पतालों में भेजा जा रहा है, और वे यह पता लगाने की कोशिश कर रहे हैं कि क्या मलबे के नीचे और लोग फंसे हुए हैं। घटना की सही वजह अभी तक स्पष्ट नहीं हो पाई है। बचाव कार्य जारी है, और अधिकारियों को आगे की जानकारी का इंतजार है। यह घटना उस समय हुई जब सुबह से ही बड़ी संख्या में श्रद्धालु मंदिर में दर्शन के लिए एकत्रित हुए थे, क्योंकि शनिवार को हनुमान मंदिरों में आमतौर पर अधिक भीड़ होती है।
मुख्यमंत्री का बयान
मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने इस घटना पर दुख व्यक्त करते हुए कहा कि यशवाड़ी में बन रहे हनुमान मंदिर की छत गिरने से कुछ श्रद्धालुओं की जान गई है। उन्होंने मारे गए श्रद्धालुओं को श्रद्धांजलि अर्पित की और पीड़ित परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त की। उन्होंने यह भी कहा कि घायल लोगों का इलाज चल रहा है और स्थानीय प्रशासन मौके पर राहत और बचाव कार्य में जुटा हुआ है.
बचाव कार्य की स्थिति
घटनास्थल पर एंबुलेंस सेवाएं पहुंच गई हैं और घायलों को त्वरित सहायता प्रदान करने का प्रयास किया जा रहा है। प्रशासन और पुलिस स्थिति पर नजर रखे हुए हैं। यह ध्यान देने योग्य है कि मंदिर के असेंबली हॉल का निर्माण पिछले कुछ दिनों से चल रहा था, और छत गिरने की इस घटना ने निर्माण की गुणवत्ता और सुरक्षा मानकों पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं.
