महाराष्ट्र में भारी बारिश से जनजीवन प्रभावित, 13 लोगों की मौत
मौसम की मार: 13 लोगों की जान गई
आपदा प्रबंधन मंत्री गिरीश महाजन ने सोमवार को जानकारी दी कि पिछले कुछ दिनों में बारिश से संबंधित घटनाओं में 13 लोगों की मृत्यु हो गई है। मुंबई और उसके आसपास के क्षेत्रों में रिकॉर्ड स्तर की बारिश हुई है। इस स्थिति के कारण महाराष्ट्र विधान परिषद की कार्यवाही को पूरे दिन के लिए स्थगित कर दिया गया।
राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (SDMA) ने मुंबई में निजी कार्यालयों को सलाह दी है कि वे अपने कर्मचारियों को घर से काम करने की अनुमति दें। इसके साथ ही, गैर-जरूरी सरकारी और अर्ध-सरकारी कार्यालयों के लिए आधे दिन की छुट्टी की घोषणा की गई। यह सलाह भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) द्वारा मुंबई के लिए जारी किए गए रेड अलर्ट के बाद दी गई है।
भारी बारिश के चलते जनजीवन प्रभावित
IMD ने मुंबई, ठाणे और रायगढ़ में अत्यधिक बारिश और 80-90 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाओं का अनुमान लगाया है। मौसम विभाग ने निचले इलाकों में बाढ़, अचानक बाढ़, जल-जमाव, पेड़ों के गिरने, कमजोर ढांचों को नुकसान और भूस्खलन के खतरे की चेतावनी दी है। लोगों से गैर-जरूरी यात्रा से बचने और आधिकारिक सलाह का पालन करने का अनुरोध किया गया है।
पुणे में भूस्खलन और परिवहन बाधित
महाराष्ट्र में मॉनसून का कहर बढ़ गया है; पुणे में भूस्खलन के कारण एक घर मलबे में दब गया है, जबकि लगातार बारिश ने मुंबई और पुणे के बीच सड़क और रेल संपर्क को बाधित कर दिया है। भारी बारिश के चलते कम से कम 16 ट्रेनें रद्द कर दी गई हैं और नौ अन्य का मार्ग बदल दिया गया है। IMD ने मुंबई के लिए ऑरेंज अलर्ट और पुणे के लिए रेड अलर्ट जारी किया है।
सेंट्रल रेलवे के अधिकारियों ने बताया कि सुबह करीब 3:05 बजे कर्जत-लोनावला भोर घाट सेक्शन में ठाकुरवाड़ी के पास भूस्खलन हुआ। इसके बाद खंडाला और मंकी हिल के बीच भी भूस्खलन की घटनाएं हुईं।
मुख्यमंत्री का बयान
मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने सदन में कहा कि हाल की घटनाएं, जैसे दीवार गिरना और भूस्खलन, खराब मौसम के कारण हुई हैं, न कि तैयारी की कमी के कारण। उन्होंने कहा कि आपदा प्रबंधन का पूरा तंत्र, नगर निगम और अन्य एजेंसियां मौके पर मौजूद हैं और हम अलर्ट मोड पर हैं।
बारिश से जुड़ी घटनाओं में 13 लोगों की मौत
आपदा प्रबंधन मंत्री गिरीश महाजन ने सोमवार को बताया कि पिछले तीन-चार दिनों में बारिश से जुड़ी घटनाओं में 13 लोगों की जान गई है। इस दौरान मुंबई और उसके आस-पास के पालघर और रायगढ़ जिलों में रिकॉर्ड तोड़ बारिश हुई। इस घोषणा के बाद, मुंबई और आसपास के क्षेत्रों में भारी बारिश को देखते हुए महाराष्ट्र विधान परिषद की कार्यवाही को स्थगित कर दिया गया।
