महाराष्ट्र में एनसीपी के गुटों का संभावित पुनर्मिलन, पुणे चुनावों पर नजर
पुणे नगर निगम चुनावों के लिए गठबंधन के संकेत
महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री अजीत पवार ने शनिवार को यह संकेत दिया कि उनकी राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (एनसीपी) का गुट, शरद पवार के नेतृत्व वाले एनसीपी (एसपी) के साथ पुणे नगर निगम चुनावों में गठबंधन कर सकता है। यह जानकारी पिंपरी-चिंचवाड़ नगर निगम चुनावों के लिए दोनों गुटों के बीच हुए गठबंधन के बाद आई है। जब उपमुख्यमंत्री से एनसीपी के दो गुटों के पुनर्मिलन के बारे में पूछा गया, तो उन्होंने कहा कि 'आपके मुंह में मिठास बनी रहे।' पुणे और पिंपरी-चिंचवाड़ सहित सभी नगर निगमों के चुनावों के लिए मतदान 15 जनवरी को होगा, जबकि वोटों की गिनती 16 जनवरी को महाराष्ट्र राज्य चुनाव आयोग द्वारा की जाएगी।
पिंपरी-चिंचवाड़ में एनसीपी का पुनर्मिलन
पिछले महीने, शरद पवार ने घोषणा की थी कि एनसीपी और एनसीपी (एसपी) पिंपरी-चिंचवाड़ नगर निगम चुनाव एक साथ लड़ेंगी। 28 दिसंबर को एक चुनावी रैली में उन्होंने कहा था कि वे कभी भी दलबदल की राजनीति में शामिल नहीं हुए और यह भी बताया कि दोनों पार्टियां जल्द ही सीट बंटवारे के समझौते की घोषणा करेंगी। उन्होंने कहा कि एनसीपी और शरद पवार गुट ने पिंपरी-चिंचवाड़ में एक साथ चुनाव लड़ने का निर्णय लिया है, जिससे परिवार एक बार फिर एकजुट होगा।
राजनीतिक बदलाव की संभावना
लगभग ढाई साल पहले, अजीत पवार कई अन्य नेताओं के साथ एनसीपी छोड़कर महायुति गठबंधन में शामिल हो गए थे, जिसमें भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) और एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाली शिवसेना शामिल हैं। हालांकि, राज्य में भाजपा की बढ़ती ताकत के साथ, एनसीपी के दोनों गुट जमीनी स्तर पर भाजपा के विस्तार को रोकने की कोशिश कर रहे हैं। इससे यह अटकलें लगाई जा रही हैं कि यह पुनर्मिलन की दिशा में पहला कदम हो सकता है। हालांकि, एनसीपी (एसपी) नेता रोहित पवार ने कहा है कि यह पुनर्मिलन केवल स्थानीय निकाय चुनावों तक सीमित है, क्योंकि स्थानीय कार्यकर्ता ऐसा चाहते थे।
