भारत में सोने और चांदी पर बढ़ी इंपोर्ट ड्यूटी, नई दरें लागू

केंद्र सरकार ने सोने और चांदी पर इंपोर्ट ड्यूटी में वृद्धि की है, जिससे नई दरें आज से लागू हो गई हैं। सोने पर इंपोर्ट ड्यूटी को 5% से बढ़ाकर 10% कर दिया गया है। इसके अलावा, पीएम मोदी ने देशवासियों से सोने की खरीदारी न करने की सलाह दी है। जानें इस निर्णय का व्यापार घाटे और विदेशी मुद्रा भंडार पर क्या प्रभाव पड़ेगा।
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सोने और चांदी पर इंपोर्ट ड्यूटी में वृद्धि

केंद्र सरकार ने सोने, चांदी और अन्य कीमती धातुओं के आयात पर कई श्रेणियों में सीमा शुल्क बढ़ा दिया है। वित्त मंत्रालय ने मंगलवार को इस संबंध में कई नोटिफिकेशन जारी किए हैं। नई दरें आज से प्रभावी हो गई हैं। जानकारी के अनुसार, सोने पर इंपोर्ट ड्यूटी को 5% से बढ़ाकर 10% कर दिया गया है। इसके साथ ही, एग्रीकल्चर इंफ्रास्ट्रक्चर और डेवलपमेंट सेस में भी वृद्धि की गई है। पहले सोने पर 5% इंपोर्ट ड्यूटी और 1% सेस लगता था, जिससे कुल मिलाकर 6% की इंपोर्ट ड्यूटी होती थी।


भारत में सोने और चांदी पर बढ़ी इंपोर्ट ड्यूटी, नई दरें लागू


इसके अलावा, यूएई से निर्धारित मात्रा में कोटा के तहत आने वाले सोने पर भी इंपोर्ट ड्यूटी बढ़ाई गई है। पहले यूएई से कोटा के तहत रियायती दर पर इंपोर्ट ड्यूटी लगती थी। उल्लेखनीय है कि जुलाई 2024 के बजट में सोने पर कुल इंपोर्ट ड्यूटी को 15% से घटाकर 6% कर दिया गया था। इसमें इंपोर्ट ड्यूटी को 10% घटाकर 5% और सेस को 5% से घटाकर 1% किया गया था.


भारत का सोने का आयात

Import duty on gold and other precious metals has been increased, and the revised rates will come into effect from midnight tonight pic.twitter.com/7iWfOFp6j6

— News Media May 12, 2026


भारत सोने का दूसरा सबसे बड़ा और चांदी का सबसे बड़ा उपभोक्ता है। इसलिए, सोने के आयात पर विशेष ध्यान दिया जाता है, क्योंकि इसका प्रभाव देश के व्यापार घाटे और विदेशी मुद्रा भंडार पर पड़ता है। FY2025 के दौरान भारत में सोने का आयात लगभग 58 से 60 अरब डॉलर रहा है, जो अब तक के उच्चतम स्तरों में से एक है। सोने के आयात में यह वृद्धि 2024 के यूनियन बजट के बाद देखी गई, जब सरकार ने सोने पर कस्टम ड्यूटी को 15% से घटाकर 6% कर दिया था।


पीएम मोदी की सलाह

हाल ही में, पीएम मोदी ने एक संबोधन में देशवासियों से आग्रह किया था कि मध्य पूर्व में तनाव और कच्चे तेल की बढ़ती कीमतों के बीच एक साल तक सोने की खरीदारी न करें। उन्होंने लोगों से पेट्रोल-डीजल की खपत कम करने और विदेश यात्रा को सीमित करने की सलाह दी थी। सरकार को चिंता है कि होर्मुज स्ट्रेट के संबंध में बढ़ती चिंताओं के कारण तेल की कीमतें बढ़ सकती हैं, जिसका असर भारत की अर्थव्यवस्था पर पड़ सकता है।


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