भारत में शराब की होम डिलीवरी: जानें कैसे करें ऑर्डर
भारत में शराब की होम डिलीवरी
भारत में शराब की होम डिलीवरी
शराब की होम डिलीवरी: नए साल या विशेष अवसरों पर जब बाहर जाकर शराब खरीदना कठिन हो जाता है, तब ऑनलाइन शराब मंगाने का विकल्प लोगों के लिए आकर्षक बन गया है। दिल्ली सरकार ने संशोधित आबकारी नियमों (Excise Amendment Rules 2021) के तहत होम डिलीवरी की अनुमति दी है, लेकिन इसके साथ कुछ शर्तें भी जुड़ी हुई हैं। विभिन्न राज्यों में यह सुविधा अलग-अलग नियमों के तहत उपलब्ध है। इसलिए यह जानना आवश्यक है कि कहां यह सेवा वैध है, यह कैसे काम करती है और किन सीमाओं के साथ उपलब्ध है।
दिल्ली सरकार के Excise Amendment Rules 2021 के अनुसार, शराब की होम डिलीवरी केवल L-13 लाइसेंसधारी विक्रेताओं द्वारा ऐप या वेब पोर्टल के माध्यम से की जा सकती है। हालांकि, यह स्पष्ट नहीं है कि कौन से ऐप या वेबसाइट इस सेवा को शुरू करेंगे। शराब की दुकानों को सीधे होम डिलीवरी की अनुमति नहीं है, और हॉस्टल, कार्यालय या संस्थानों में शराब की डिलीवरी पर पूरी तरह से रोक है।
अन्य राज्यों में ऑनलाइन शराब बिक्री
महाराष्ट्र, पश्चिम बंगाल, ओडिशा और कोलकाता जैसे राज्यों में ऑनलाइन शराब डिलीवरी की अनुमति है, लेकिन इन पर भी कई शर्तें और नियम लागू होते हैं। यहां Amazon, Swiggy, Zomato और BigBasket जैसे प्लेटफार्मों ने लाइसेंस प्राप्त दुकानों के साथ साझेदारी कर यह सुविधा प्रदान की है। केरल में BevQ नामक एक विशेष ऐप लॉन्च किया गया था, जिससे लोगों को शराब खरीदने के लिए टोकन मिलता था।
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भारत में शराब डिलीवरी ऐप्स और प्लेटफार्म
देश के कई प्रमुख शहरों में Living Liquidz, HipBar और Booozie जैसे प्लेटफार्म शराब की होम डिलीवरी प्रदान करते हैं। Living Liquidz मुंबई और पुणे में भारतीय और आयातित ब्रांडों के लिए प्रसिद्ध है। HipBar अपने डिजिटल वॉलेट और आसान ऑर्डरिंग सिस्टम के कारण खासकर दक्षिण भारत में लोकप्रिय है। Booozie तेज डिलीवरी और रियल-टाइम ट्रैकिंग के लिए जाना जाता है और यह दिल्ली, मुंबई, कोलकाता और बेंगलुरु जैसे शहरों में उपलब्ध है।
कानूनी नियम, उम्र सीमा और आवश्यक सावधानियां
ऑनलाइन शराब ऑर्डर करते समय राज्य के कानूनों का पालन करना अनिवार्य है। अधिकांश राज्यों में ग्राहक की न्यूनतम उम्र 21 या 25 वर्ष निर्धारित की गई है और ऑर्डर के दौरान आईडी वेरिफिकेशन किया जाता है। डिलीवरी केवल लाइसेंस प्राप्त दुकानों से ही होती है और बिना वैध अनुमति शराब मंगाना गैरकानूनी माना जा सकता है। इसलिए उपयोगकर्ताओं को किसी भी ऐप से ऑर्डर करने से पहले अपने राज्य के नियमों और ऐप की वैधता की जांच करनी चाहिए।
