बुरे सपनों से राहत पाने के सरल उपाय
बुरे सपनों का अनुभव
एक व्यक्ति ने बताया, 'मैं गहरी नींद में था जब अचानक मेरा घर हिलने लगा। मैं चौंक कर उठा और देखा कि मेरा घर उल्टा हो गया था, मेरा बिस्तर छत पर था। चारों ओर सब कुछ बिखरा हुआ था। जैसे-तैसे मैं दरवाजे तक पहुंचा, लेकिन बाहर जाने पर मैंने देखा कि जमीन की जगह आसमान था। इससे पहले कि मैं कुछ समझ पाता, कुछ आत्माएं मेरे पीछे आ गईं। मैंने भागने की कोशिश की और अचानक मैं आसमान में गिर गया।'
बुरे सपनों का कारण
जब ऐसे बुरे सपने आते हैं, तो ठंडक में भी पसीना आ जाता है और दिल को सुकून मिलता है। मन में पहला ख्याल आता है कि 'शुक्र है ये बस एक सपना था'। वैज्ञानिकों का मानना है कि सपने 'कैमिकल इम्बैलेंसिंग' के कारण आते हैं, जबकि शास्त्र इसके विपरीत बताते हैं।
बुरे सपनों से बचने के उपाय
हनुमान चालीसा का पाठ करें: सोने से पहले हनुमान चालीसा का पाठ करने से बुरे सपने नहीं आते और नींद में सुकून मिलता है।
पीपल की लकड़ी का उपयोग: यदि रात में डर लगता है, तो तकिये के नीचे पीपल की जड़ और टहनी का टुकड़ा रखें। इसे सूर्यास्त से पहले तोड़ें।
सोने की दिशा: सोने की दिशा का भी सपनों पर असर पड़ता है। उत्तर और पश्चिम दिशा में सिर करके नहीं सोना चाहिए। पूर्व दिशा में सोना सबसे अच्छा माना जाता है।
अमावस्या पर उपाय: यदि सपने में पानी या नदी दिखाई दे, तो अमावस्या को सफेद चावल, शक्कर और घी मिलाकर पीपल के पेड़ पर चढ़ाएं।
घर की सफाई: घर में गंदगी से नकारात्मक ऊर्जा बढ़ती है। सुबह पानी में सेंधा नमक मिलाकर पौंछा लगाएं।
सूर्यास्त के समय उपाय: नकारात्मक ऊर्जा को दूर करने के लिए शाम को धूप-गूगल जलाकर धूनी करें।
