बुजुर्ग जोड़े ने समाज की परवाह किए बिना मंदिर में रचाई शादी
प्यार की मिसाल: बुजुर्गों की अनोखी शादी
बिहार के जमुई जिले में एक बुजुर्ग जोड़े ने समाज के तानों की परवाह किए बिना मंदिर में शादी कर एक नई मिसाल पेश की है। 65 वर्षीय चपट मांझी और 62 वर्षीय आशा देवी ने महादेव सिमरिया मंदिर में विवाह किया, जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।
चपट मांझी और आशा देवी के घर आमने-सामने हैं और दोनों पड़ोसी हैं। पिछले एक साल से वे पति-पत्नी की तरह रह रहे थे, जिससे गांव में चर्चाएं और तानेबाजी शुरू हो गई थी। अंततः, इस जोड़े ने अपने रिश्ते को शादी का नाम देने का साहसिक निर्णय लिया।
चपट मांझी ने बताया कि यह उनकी चौथी शादी है, क्योंकि उनकी पहली तीन पत्नियों का निधन हो चुका है। उन्होंने कहा, "मेरे बेटे और बहू बाहर काम करते हैं, जिससे अकेले रहने में कठिनाई होती थी। आशा देवी ने मेरी देखभाल की, जिससे हमारा लगाव बढ़ा।"
आशा देवी ने बताया कि उनके पति का निधन दो साल पहले हुआ था और उनकी बेटी उनकी देखभाल नहीं करती थी। उन्होंने कहा, "इस उम्र में अकेले रहना बहुत कठिन था। अब हमें एक-दूसरे का कानूनी और सामाजिक सहारा मिल गया है।"
हालांकि, चपट मांझी के बेटे अजय मांझी और बहू इस शादी से नाराज हैं। उनका कहना है कि इस उम्र में शादी करना सही नहीं है। दूसरी ओर, ग्रामीण सुधीर यादव ने इस जोड़े का समर्थन किया और कहा कि जब दोनों ने अपनी मर्जी से शादी की है, तो उन्हें साथ रहने दिया जाना चाहिए।
