फिरोजाबाद में दंपति हत्या मामले में पांच को मिली उम्रकैद

फिरोजाबाद जिले की अदालत ने मई 2023 में हुए दंपति हत्या मामले में पांच आरोपियों को उम्रकैद की सजा सुनाई है। इस मामले में मृतक दंपति के बेटे और बहू समेत अन्य आरोपियों को दोषी ठहराया गया है। अदालत ने इसे मानवता पर कलंक मानते हुए बेहद क्रूर अपराध करार दिया। जानें इस मामले की पूरी कहानी और अदालत के फैसले के पीछे की वजहें।
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फिरोजाबाद में दंपति हत्या मामले में पांच को मिली उम्रकैद gyanhigyan

फिरोजाबाद अदालत का महत्वपूर्ण निर्णय

फिरोजाबाद जिले की अदालत ने मई 2023 में हुए एक दंपति हत्या मामले में महत्वपूर्ण फैसला सुनाया है। अदालत ने मृतक दंपति के बेटे, बहू और तीन अन्य आरोपियों को उम्रकैद की सजा सुनाई है। इस मामले को मानवता और समाज पर एक कलंक मानते हुए इसे बेहद क्रूर अपराध करार दिया गया है। इस फैसले की चर्चा पूरे जिले में हो रही है। मई 2023 में, बड़े बेटे ने अपनी पत्नी और साले के साथ मिलकर अपने माता-पिता की गोली मारकर हत्या कर दी थी.


कोर्ट का फैसला

जिला न्यायाधीश डॉ. बच्चू सारंग ने मंगलवार को सुनाए गए फैसले में बड़े बेटे योगेश, उसकी पत्नी रश्मि, रश्मि के भाई सुशील, अंकित और उनके साथी रवि को दोषी ठहराया। इसके साथ ही, दोषियों पर आर्थिक दंड भी लगाया गया है। यदि वे जुर्माना नहीं भरते हैं, तो उन्हें दो महीने की अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी.


मामले का विवरण

यह मामला थाना एका क्षेत्र के गांव नगला रमिया का है। राकेश सिंह और उनकी पत्नी गुड्डी देवी कई वर्षों से इस गांव में रह रहे थे। उन्होंने यहां मकान बनवाया और खेती की जमीन भी खरीदी थी। इसी दौरान उनके बड़े बेटे योगेश ने गांव की रश्मि से शादी कर ली, जो परिवार के विरोध के बावजूद हुई। आरोप है कि शादी के बाद योगेश और उसकी पत्नी संपत्ति पर कब्जा करना चाहते थे, जिससे परिवार में विवाद बढ़ गया।


हत्या की घटना

अभियोजन के अनुसार, 28 मई 2023 को राकेश सिंह और उनकी पत्नी खेत की बटाई का पैसा लेने गए थे। जब वे बाइक से लौट रहे थे, तभी उनके बड़े बेटे योगेश, बहू रश्मि, साला सुशील और अंकित ने उन्हें घेर लिया और उन पर गोलियां चलाईं, जिससे दोनों की मौके पर ही मौत हो गई। इस घटना ने पूरे इलाके में सनसनी फैला दी।


मुकदमा और सुनवाई

घटना के बाद, छोटे बेटे प्रदीप ने अपने बड़े भाई, भाभी और अन्य आरोपियों के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कराया। पुलिस ने जांच के बाद सभी आरोपियों के खिलाफ चार्जशीट दाखिल की। लंबी सुनवाई के बाद, अदालत ने सभी पांचों को दोषी मानते हुए उम्रकैद की सजा सुनाई।