प्रधानमंत्री मोदी ने सीनियर नेशनल वॉलीबॉल चैंपियनशिप का उद्घाटन किया
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को 72वीं सीनियर नेशनल वॉलीबॉल चैंपियनशिप का उद्घाटन किया। इस अवसर पर उन्होंने खेलों के विकास और एथलीटों के कल्याण पर जोर दिया। मोदी ने कहा कि भारत 2030 के कॉमनवेल्थ गेम्स और 2036 ओलंपिक की मेज़बानी के लिए तैयार है। काशी में नए खेल इंफ्रास्ट्रक्चर के विकास से युवाओं को लाभ होगा। जानें इस चैंपियनशिप के महत्व और मोदी के संदेश के बारे में।
| Jan 4, 2026, 16:32 IST
चैंपियनशिप का भव्य उद्घाटन
रविवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से 72वीं सीनियर नेशनल वॉलीबॉल चैंपियनशिप का उद्घाटन किया। काशी के सांसद के रूप में खिलाड़ियों का स्वागत करते हुए उन्होंने कहा कि यह प्रतियोगिता 'एक भारत, श्रेष्ठ भारत' की अद्भुत छवि प्रस्तुत कर रही है, जिसमें देश के 28 राज्यों की टीमें भाग ले रही हैं।
खेल और विकास में सामंजस्य
प्रधानमंत्री ने वॉलीबॉल को भारत की प्रगति से जोड़ते हुए एक महत्वपूर्ण संदेश दिया। उन्होंने कहा, 'वॉलीबॉल संतुलन, सहयोग और इच्छाशक्ति का खेल है। जिस प्रकार वॉलीबॉल में जीत टीम के आपसी विश्वास और तालमेल पर निर्भर करती है, वैसे ही हमारा देश भी सामूहिक भावना के साथ आगे बढ़ रहा है। जब हर नागरिक अपनी जिम्मेदारी निभाता है, तभी राष्ट्र सफल होता है।'
एथलीट-केंद्रित सुधारों की आवश्यकता
पीएम मोदी ने बताया कि 2014 के बाद से भारत का खेल मॉडल पूरी तरह से बदल चुका है। अब सरकार की नीतियां एथलीटों के कल्याण को प्राथमिकता देती हैं। उन्होंने नेशनल स्पोर्ट्स गवर्नेंस एक्ट और खेलो भारत नीति 2025 का उल्लेख करते हुए कहा कि इन सुधारों से खेलों में पारदर्शिता आएगी और सही प्रतिभाओं को आगे बढ़ने का अवसर मिलेगा।
भारत की ओलंपिक योजनाएं
अपने संबोधन में पीएम ने भारत की भविष्य की खेल योजनाओं पर भी प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि पिछले दशक में भारत ने फीफा अंडर-17 और हॉकी वर्ल्ड कप जैसे 20 से अधिक अंतरराष्ट्रीय टूर्नामेंट्स की सफल मेज़बानी की है।
उन्होंने कहा, 'भारत 2030 के कॉमनवेल्थ गेम्स की मेज़बानी करेगा और 2036 ओलंपिक की मेज़बानी के लिए सक्रिय रूप से दावेदारी की तैयारी कर रहा है।'
काशी का नया खेल इंफ्रास्ट्रक्चर
प्रधानमंत्री ने कहा कि काशी में विकसित हो रहे नए खेल इंफ्रास्ट्रक्चर से यहां के युवाओं को बहुत लाभ हो रहा है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि काशी अब बड़े अंतरराष्ट्रीय आयोजनों के लिए पूरी तरह तैयार है, जिससे शहर की अर्थव्यवस्था को भी मजबूती मिल रही है।
