पश्चिमी हिमालय में मौसम का अलर्ट: बर्फबारी और ठंड का बढ़ता प्रभाव
मौसम विज्ञान विभाग का अलर्ट
भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने पश्चिमी हिमालय क्षेत्र के लिए एक विस्तृत मौसम चेतावनी जारी की है। इसमें 6 जनवरी, 2026 से जम्मू-कश्मीर-लद्दाख, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड में भारी बारिश और बिगड़ते मौसम की स्थिति की आशंका जताई गई है। 6 जनवरी को कुछ स्थानों पर हल्की से मध्यम बर्फबारी और बारिश की संभावना है, जबकि 7 से 13 जनवरी के बीच एक मजबूत मौसम प्रणाली के कारण मध्यम से भारी बर्फबारी होने की उम्मीद है। ताजा बर्फबारी, ज़मीन पर पाला और ठंडे मौसम के चलते इन पहाड़ी क्षेत्रों में ठंड की तीव्रता में वृद्धि होगी।
कश्मीर में बर्फबारी का असर
कश्मीर के ऊंचे इलाकों में हल्की बर्फबारी हुई है, जिससे रात के तापमान में गिरावट आई है और ठंड फिर से बढ़ गई है। अधिकारियों ने बताया कि कश्मीर के ऊंचे क्षेत्रों में कुछ स्थानों पर हल्की बर्फबारी हुई, जिससे रात का तापमान गिर गया। सोमवार रात को उत्तरी कश्मीर के बारामूला जिले में गुलमर्ग सबसे ठंडा स्थान रहा, जहां न्यूनतम तापमान माइनस 8.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।
गुलमर्ग में ठंड का रिकॉर्ड
अधिकारियों के अनुसार, गुलमर्ग टूरिस्ट रिज़ॉर्ट में इस सर्दी की सबसे ठंडी रात रही, जहां तापमान फ्रीजिंग पॉइंट से लगभग नौ डिग्री नीचे चला गया। रविवार को एक बार फिर बर्फबारी के बाद, यहां न्यूनतम तापमान माइनस 8.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।
कश्मीर में मौसम की स्थिति
एक कमजोर पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से सोमवार रात को मुगल रोड और गांदरबल के ऊपरी क्षेत्रों में हल्की बर्फबारी हुई। श्रीनगर में न्यूनतम तापमान शून्य से चार डिग्री सेल्सियस नीचे रहा, जबकि रविवार रात यह शून्य से 3.6 डिग्री नीचे था। दक्षिण कश्मीर के पर्यटन स्थल पहलगाम में तापमान शून्य से 6.8 डिग्री सेल्सियस नीचे पहुंच गया।
चिल्ला-ए-कलां का दौर
घाटी में फिलहाल चिल्ला-ए-कलां का दौर जारी है, जो 40 दिनों की कड़ाके की ठंड की अवधि होती है। इस दौरान रात का तापमान अक्सर जमाव बिंदु से कई डिग्री नीचे चला जाता है और बर्फबारी की संभावना अधिक होती है। हालांकि, इस सीजन में घाटी के मैदानी इलाकों में अभी तक बर्फबारी नहीं हुई है। IMD ने मंगलवार को उत्तर और मध्य कश्मीर के कुछ ऊंचाई वाले क्षेत्रों में हल्की बर्फबारी की संभावना जताई है। इसके बाद 20 जनवरी तक मौसम शुष्क रहने की उम्मीद है, लेकिन बादल छाए रहेंगे।
