पश्चिम बंगाल में बुलेट ट्रेन परियोजना की घोषणा, यात्रा में लगेगा केवल छह घंटे
बुलेट ट्रेन परियोजना का ऐलान
रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने शनिवार को पश्चिम बंगाल के लिए बुलेट ट्रेन परियोजना की शुरुआत की घोषणा की। यह प्रस्तावित कॉरिडोर दिल्ली से सिलीगुड़ी को लखनऊ, वाराणसी और पटना के माध्यम से जोड़ेगा। मंत्री ने बताया कि इस बुलेट ट्रेन से यात्रा का समय केवल छह घंटे होगा।
रेलवे के लिए बढ़ी धनराशि
मंत्री ने यह भी कहा कि पश्चिम बंगाल में रेलवे के लिए आवंटित धनराशि यूपीए सरकार के समय 4,000 करोड़ रुपये से बढ़कर वर्तमान में नरेंद्र मोदी सरकार के तहत 14,205 करोड़ रुपये हो गई है। उन्होंने बताया कि यूपीए सरकार ने केवल 4,000 करोड़ रुपये का आवंटन किया था, जबकि अब प्रधानमंत्री मोदी ने पश्चिम बंगाल के रेलवे विकास के लिए 14,205 करोड़ रुपये की राशि आवंटित की है।
पिछली सरकार की आलोचना
वैष्णव ने आरोप लगाया कि पिछली राज्य सरकार की अनुमति न मिलने के कारण कई रेलवे परियोजनाएं समय पर पूरी नहीं हो पाईं। उन्होंने कहा कि दुर्भाग्यवश, पिछली सरकार ने कई परियोजनाओं के लिए केवल प्रशासनिक मंजूरी की आवश्यकता होने के बावजूद अनुमति नहीं दी। कुछ मामलों में तो यह मुद्दा अदालत तक पहुंच गया।
भविष्य की योजनाएं
रेल मंत्री ने यह भी बताया कि पश्चिम बंगाल को कई अन्य राज्यों से पहले वंदे भारत स्लीपर और अमृत भारत ट्रेनें मिली हैं, और भविष्य में और भी परियोजनाओं की घोषणा की जाएगी। उन्होंने उल्लेख किया कि मोदी सरकार के कार्यकाल में कोलकाता में 45 किलोमीटर मेट्रो लाइन का निर्माण पूरा हो चुका है, जबकि पिछले 42 वर्षों में केवल 28 किलोमीटर मेट्रो का निर्माण हुआ था।
