परीक्षा के तनाव को कम करने के लिए सरल उपाय
परीक्षा का तनाव और उसके समाधान
नारी डेस्क: जैसे-जैसे बोर्ड परीक्षाएं नजदीक आती हैं, बच्चों और उनके माता-पिता की चिंताएं बढ़ जाती हैं। पाठ्यक्रम पूरा करने का दबाव, अच्छे अंक प्राप्त करने की उम्मीद और भविष्य की चिंता, ये सभी मिलकर छात्रों में तनाव उत्पन्न करते हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि कुछ सरल और सही आदतों को अपनाकर परीक्षा के तनाव को काफी हद तक कम किया जा सकता है। सबसे महत्वपूर्ण है कि बच्चों को माता-पिता का समर्थन और सकारात्मक वातावरण मिले।
पढ़ाई के लिए उपयुक्त स्थान का चयन करें
पढ़ाई के लिए ऐसी जगह चुनें जहां शांति हो और ध्यान भंग न हो। कोशिश करें कि आप टेबल और कुर्सी पर बैठकर पढ़ें, क्योंकि पलंग या सोफे पर बैठने से नींद आ सकती है और ध्यान भंग हो सकता है। अपनी शारीरिक घड़ी के अनुसार पढ़ाई का समय निर्धारित करें। यदि सुबह अधिक ध्यान केंद्रित होता है, तो सुबह पढ़ाई करें, और यदि रात में ध्यान लगता है, तो उसी समय पढ़ें। कठिन विषयों को पढ़ते समय रात का समय टालें, क्योंकि थकान के कारण समझने में कठिनाई हो सकती है।
समय सारणी और पुनरावलोकन का महत्व
परीक्षा के समय बिना योजना के पढ़ाई करने से तनाव बढ़ता है। इसलिए एक उचित समय सारणी बनाना आवश्यक है। पुनरावलोकन करते समय लिखकर दोहराना याददाश्त को मजबूत करता है। पढ़ाई के बीच में छोटे-छोटे ब्रेक लेना न भूलें, क्योंकि लगातार पढ़ने से मस्तिष्क थक जाता है।
स्वस्थ भोजन और पर्याप्त नींद
परीक्षा के दौरान जंक फूड से बचें। पौष्टिक आहार जैसे दालें, हरी सब्जियां, फल और मेवे लें। शरीर और मस्तिष्क दोनों को ऊर्जा की आवश्यकता होती है। कम से कम 7-8 घंटे की नींद लेना आवश्यक है। नींद की कमी से चिड़चिड़ापन और तनाव बढ़ सकता है।
शौक और विश्राम का महत्व
दिन में 15-30 मिनट अपनी पसंद की गतिविधियों के लिए निकालें। संगीत सुनें, हल्का टीवी देखें या दोस्तों के साथ टहलें। इससे मस्तिष्क तरोताजा होता है और पढ़ाई में फिर से मन लगता है। पढ़ाई करते समय बोलकर पढ़ें या उंगली से लाइन का अनुसरण करें, इससे ध्यान केंद्रित करने में मदद मिलती है।
टोल फ्री हेल्पलाइन से सहायता प्राप्त करें
छात्रों और माता-पिता की सहायता के लिए बोर्ड ने टोल फ्री नंबर 1800118004 जारी किया है। इस सेवा के माध्यम से छात्र कभी भी और कहीं से भी कॉल कर सकते हैं। यहां परीक्षा की तैयारी, समय प्रबंधन, तनाव प्रबंधन और अन्य आवश्यक जानकारी प्राप्त की जा सकती है। सामान्य प्रश्नों के उत्तर रिकॉर्डेड संदेश के रूप में भी उपलब्ध हैं।
लाइव टेली-काउंसलिंग
सुबह 9:30 बजे से शाम 5:30 बजे तक 66 प्रिंसिपल और काउंसलर इस नंबर पर छात्रों और माता-पिता के सवालों का जवाब देंगे। 1 जून तक 61 काउंसलर्स छात्रों को सलाह देंगे ताकि वे परीक्षा के तनाव से बाहर आ सकें।
परीक्षा से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारी
कक्षा 10
परीक्षा तिथि: 17 फरवरी से 10 मार्च
समय: सुबह 10:30 बजे से (कुछ पेपर 12:30 या 1:30 बजे तक)
कुल छात्र: 25,08,319
लड़के: 14,08,546
लड़कियां: 10,99,773
विषय: 83
परीक्षा केंद्र: 8075
कक्षा 12
परीक्षा तिथि: 17 फरवरी से 9 अप्रैल
समय: सुबह 10:30 बजे से 12:30 या 1:30 बजे तक
कुल छात्र: 18,59,551
लड़के: 10,27,552
लड़कियां: 8,31,999
विषय: 120
परीक्षा केंद्र: 7574
परीक्षा के दिन ध्यान रखने योग्य बातें
एडमिट कार्ड हर हाल में साथ लेकर जाएं। सुबह 10 बजे से पहले परीक्षा केंद्र पर पहुंचना आवश्यक है। समय पर पहुंचने से घबराहट कम होती है और मन शांत रहता है। परीक्षा जीवन का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है, लेकिन इसे तनाव का कारण नहीं बनने देना चाहिए। सही योजना, स्वस्थ दिनचर्या, पर्याप्त नींद और माता-पिता का सहयोग बच्चों का आत्मविश्वास बढ़ाता है। आवश्यकता पड़ने पर हेल्पलाइन और काउंसलर्स की मदद लेने में संकोच न करें। याद रखें, शांत मन से की गई तैयारी ही सफलता की असली कुंजी है।
