नेताजी के परपोते ने टीएमसी से दिया इस्तीफा, नई राजनीतिक दिशा की ओर बढ़ने का किया ऐलान
नेताजी सुभाष चंद्र बोस के परपोते का इस्तीफा
कोलकाता, तीन अगस्त: नेताजी सुभाष चंद्र बोस के परपोते चंद्र कुमार बोस ने सोमवार को तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) से अपने इस्तीफे की घोषणा की। उन्होंने बताया कि उन्हें मुख्यधारा की राजनीतिक पार्टियों से निराशा हो गई है। बोस ने कहा कि उन्हें भाजपा और ममता बनर्जी की टीएमसी के बीच कोई स्पष्ट अंतर नहीं दिखाई देता। उन्होंने लगभग चार महीने पहले पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव से पहले टीएमसी में शामिल हुए थे।
भाजपा में शामिल होने का निर्णय गलत बताया
बोस ने पहले भाजपा में शामिल होने के अपने निर्णय को एक गलती माना था। वह भाजपा के प्रदेश उपाध्यक्ष भी रह चुके हैं। उन्होंने बार-बार कहा है कि उनकी राजनीतिक सोच किसी पार्टी से नहीं, बल्कि नेताजी की विचारधारा से प्रेरित है।
नई राजनीतिक दिशा की ओर कदम
अब, बोस ने एक नए राजनीतिक संगठन का मार्गदर्शन करने का निर्णय लिया है, जो युवाओं द्वारा संचालित होगा और नेताजी के आदर्शों से प्रेरित रहेगा। यह संगठन ध्रुवीकरण और टकराव की राजनीति का एक विकल्प प्रस्तुत करेगा। बोस ने कहा, "मैं फॉरवर्ड ब्लॉक, भाजपा और तृणमूल कांग्रेस में रह चुका हूं। मुख्यधारा की राजनीतिक पार्टियों से मेरा मोहभंग हो गया है। ये सभी एक जैसी हैं, एक ही सिक्के की दो पहलू हैं।"
