दिल्ली सरकार का जंतर-मंतर पर प्रदर्शन को लेकर नया आदेश
दिल्ली सरकार का निर्णय
दिल्ली सरकार ने गुरुवार को घोषणा की कि 'कॉकरोच जनता पार्टी' (CJP) के विरोध प्रदर्शन में शामिल व्यक्तियों के खिलाफ कोई कानूनी कार्रवाई नहीं की जाएगी। हालांकि, यह स्पष्ट किया गया है कि सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों के अनुसार, जिनके पास आपराधिक रिकॉर्ड है, उन्हें सुरक्षा नहीं दी जाएगी। गृह विभाग द्वारा जारी एक बयान में कहा गया है कि यदि किसी व्यक्ति को प्रदर्शन के दौरान हिरासत में लिया गया या गिरफ्तार किया गया, तो उसे समीक्षा के बाद रिहा किया जाएगा।
प्रदर्शन के संबंध में आदेश
सरकार ने बताया कि NCT दिल्ली का इरादा प्रदर्शनकारियों के खिलाफ कोई दंडात्मक कार्रवाई करने का नहीं है, और इस मामले को बिना किसी आगे की कार्रवाई के समाप्त माना जाएगा। यह आदेश उप-राज्यपाल की मंजूरी से जारी किया गया है। सरकारी बयान में कहा गया है कि दिल्ली पुलिस ने CJP के प्रदर्शनों से संबंधित 13 प्राथमिकी दर्ज की हैं, और गिरफ्तार व्यक्तियों को जल्द रिहा किया जाएगा।
दिल्ली पुलिस का स्पष्टीकरण
दिल्ली पुलिस ने सोशल मीडिया पर चल रही अफवाहों को खारिज करते हुए कहा कि जंतर-मंतर पर विरोध प्रदर्शन करने पर कोई रोक नहीं है। पुलिस ने स्पष्ट किया कि यह स्थान अब भी अनुमति लेकर शांतिपूर्ण प्रदर्शनों के लिए उपलब्ध है। पुलिस ने कहा कि जंतर-मंतर पर प्रदर्शन उच्चतम न्यायालय के निर्देशों के अनुसार किए जा सकते हैं।
प्रदर्शन की अनुमति
वर्तमान एसओपी के अनुसार, सक्षम प्राधिकारी की मंजूरी मिलने पर जंतर-मंतर पर अधिकतम 1,000 लोगों के जुटने की अनुमति दी जा सकती है। पुलिस ने लोगों से अपील की है कि वे अपुष्ट सूचनाओं पर विश्वास न करें और केवल आधिकारिक सूचनाओं पर भरोसा करें।
