दिल्ली में वोटर लिस्ट के लिए विशेष अभियान: 93% से अधिक वोटर्स तक पहुंचा फॉर्म
दिल्ली में वोटर लिस्ट का विशेष अभियान
दिल्ली में आगामी चुनावों के लिए वोटर लिस्ट को अपडेट करने के उद्देश्य से 'स्पेशल इंटेंसिव रिविज़न' (SIR) अभियान तेजी से चल रहा है। चुनाव आयोग के अनुसार, दिल्ली के रजिस्टर्ड वोटर्स में से 93% से अधिक को एन्यूमरेशन फॉर्म (जानकारी जुटाने वाले फॉर्म) वितरित किए जा चुके हैं। मुख्य निर्वाचन अधिकारी (CEO) कार्यालय द्वारा साझा किए गए आंकड़ों के अनुसार, 12 जुलाई तक वोटर वेरिफिकेशन प्रक्रिया के तीसरे चरण में 1.35 करोड़ से अधिक एन्यूमरेशन फॉर्म बांटे गए हैं। दिल्ली में कुल 1.45 करोड़ से अधिक रजिस्टर्ड वोटर्स हैं, जिनमें से 93.35% को कवर किया गया है।
फॉर्म का डिजिटाइज़ेशन प्रक्रिया
फॉर्म वितरण के साथ-साथ, चुनाव आयोग ने प्राप्त भरे हुए फॉर्म को डिजिटाइज़ करने का कार्य भी शुरू कर दिया है। अब तक 11,15,950 फॉर्म (जो कुल वोटर्स का 7.69% है) डिजिटल सिस्टम में दर्ज किए जा चुके हैं। अधिकारियों को उम्मीद है कि आने वाले दिनों में और अधिक भरे हुए फॉर्म मिलने पर डिजिटाइज़ेशन की गति में वृद्धि होगी।
फॉर्म वितरण में अग्रणी जिले
दिल्ली के विभिन्न जिलों में वेस्ट दिल्ली ने सबसे अधिक कवरेज दर्ज किया है, जहां 96.99% वोटर्स तक फॉर्म पहुंचाए गए हैं। फॉर्म वितरण में शीर्ष तीन जिले निम्नलिखित हैं:
वेस्ट दिल्ली: 96.99%
साउथ दिल्ली: 96.45%
नॉर्थ ईस्ट दिल्ली: 96.41%
डिजिटाइज़ेशन में अग्रणी जिले
डिजिटाइज़ेशन प्रक्रिया भी तेजी से आगे बढ़ रही है, और कुछ जिले दूसरों की तुलना में अधिक सक्रिय हैं।
सबसे आगे रहने वाले जिले हैं:
आउटर नॉर्थ: 17.75%
साउथ वेस्ट: 11.28%
सेंट्रल नॉर्थ: 9.66%
वोटर वेरिफिकेशन प्रक्रिया का कार्यप्रणाली
चुनाव अधिकारियों ने बताया कि उनकी प्राथमिकता यह सुनिश्चित करना है कि हर योग्य वोटर को एन्यूमरेशन फॉर्म मिले। एक बार फॉर्म भरने और जमा करने के बाद, ध्यान उन्हें इकट्ठा करने और डिजिटाइज़ेशन प्रक्रिया को तेज करने पर होगा। बूथ लेवल ऑफिसर्स (BLOs) प्रत्येक वोटर को एन्यूमरेशन फॉर्म की दो कॉपी दे रहे हैं। एक कॉपी वोटर के पास एकनॉलेजमेंट रसीद के रूप में रहती है, जबकि दूसरी कॉपी भरकर BLO को लौटानी होती है। वोटर्स के पास अपने भरे हुए फ़ॉर्म ऑनलाइन जमा करने का विकल्प भी है, जिससे यह प्रक्रिया और सरल हो जाती है।
फाइनल वोटर लिस्ट की तारीख
वेरिफ़िकेशन, सुधार और अपडेट प्रक्रिया पूरी होने के बाद, दिल्ली के लिए फाइनल वोटर लिस्ट 7 अक्टूबर को जारी होने की संभावना है। चुनाव आयोग ने सभी योग्य वोटर्स से अनुरोध किया है कि वे अपने संबंधित बूथ लेवल ऑफिसर्स (BLO) का सहयोग करें, सही जानकारी प्रदान करें और निर्धारित समय सीमा के भीतर वेरिफ़िकेशन प्रक्रिया को पूरा करें।
SIR प्रक्रिया का महत्व
'स्पेशल इंटेंसिव रिविज़न' (SIR) का उद्देश्य भविष्य के चुनावों से पहले वोटर लिस्ट को सही और अद्यतन रखना है। यह प्रक्रिया योग्य वोटर्स की पहचान, डुप्लिकेट या अयोग्य प्रविष्टियों को हटाने, वोटर की जानकारी में बदलाव को अपडेट करने और वोटर डेटाबेस की विश्वसनीयता बनाए रखने में मदद करती है। चुनाव अधिकारियों ने निवासियों से सक्रिय भागीदारी की अपील की है ताकि कोई भी योग्य वोटर फाइनल वोटर लिस्ट में शामिल होने से न छूटे।
