दिल्ली में तुर्कमान गेट पत्थरबाजी मामले में पांच आरोपियों की न्यायिक हिरासत बढ़ी
दिल्ली की अदालत का फैसला
दिल्ली की एक अदालत ने तुर्कमान गेट पत्थरबाजी मामले में पांच आरोपियों, जिनमें मोहम्मद कैफ, कासिफ, अरीब, अदनान और समीर शामिल हैं, की न्यायिक हिरासत को 13 दिनों के लिए बढ़ा दिया है। न्यायिक मजिस्ट्रेट पूजा सुहाग ने सभी आरोपियों को 13 दिनों की न्यायिक हिरासत में भेजने का आदेश दिया। इन आरोपियों को एक दिन की न्यायिक हिरासत के बाद अदालत में पेश किया गया। उनकी जमानत याचिकाओं पर संबंधित अदालत में शुक्रवार को सुनवाई होगी।
घटना का विवरण
यह घटना बुधवार को तुर्कमान गेट के पास अतिक्रमण विरोधी अभियान के दौरान हुई, जब कथित तौर पर पत्थर फेंके गए थे। दिल्ली पुलिस ने इस हिंसा के बाद उसी दिन एफआईआर दर्ज कर पांचों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी समीर और अदनान की ओर से अधिवक्ता नदीम खान ने पेशी दी, जबकि अरीब, कासिफ और कैफ की ओर से अधिवक्ता असद मिर्जा बेग ने प्रतिनिधित्व किया। अधिवक्ता आबिद अहमद द्वारा शीतकालीन वस्त्र उपलब्ध कराने की अनुमति के लिए दायर आवेदन को न्यायालय ने न्यायिक हिरासत के नियमों के अनुसार स्वीकार कर लिया।
अतिक्रमण विरोधी अभियान
यह घटना दिल्ली उच्च न्यायालय के निर्देशों के बाद रामलीला मैदान के निकट फैज-ए-इलाही मस्जिद के पास एमसीडी द्वारा चलाए गए अतिक्रमण-विरोधी अभियान के दौरान घटी। दिल्ली पुलिस के अनुसार, शांति बनाए रखने और किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के लिए अमन समिति के सदस्यों और अन्य स्थानीय हितधारकों के साथ कई समन्वय बैठकें आयोजित की गई थीं। 7 जनवरी की तड़के अतिक्रमण हटाया गया।
सीसीटीवी फुटेज का खुलासा
इस बीच, दिल्ली पुलिस ने तुर्कमान गेट से संबंधित पहला सीसीटीवी फुटेज साझा किया है, जिसमें घटना के दौरान फेज-ए-इलाही मस्जिद चौक का दृश्य दिखाई दे रहा है। फुटेज में पुलिस के आगे बढ़ने पर नकाबपोश लोग भागते हुए नजर आ रहे हैं। इसके अलावा, पत्थरबाजों को दूसरी दिशा में भागते और पुलिस पर पत्थर फेंकते हुए भी देखा जा सकता है। आज सुबह, दिल्ली पुलिस ने राष्ट्रीय राजधानी के तुर्कमान गेट स्थित फैज़-ए-इलाही मस्जिद के पास हुई पथराव की घटना से जुड़े 30 लोगों की पहचान की। इलाके में भारी पुलिस बल तैनात किया गया था।
