दिल्ली में इमारत गिरने की घटना: प्रशासन ने लिया सख्त एक्शन
दिल्ली प्रशासन की तत्परता
नई दिल्ली। सत्य निकेतन में एक पांच मंजिला पीजी इमारत के गिरने के बाद, दिल्ली प्रशासन ने तुरंत कार्रवाई शुरू कर दी है। उपराज्यपाल तरनजीत सिंह संधू ने इस गंभीर घटना की समीक्षा के लिए एक उच्चस्तरीय बैठक बुलाई है।
आपातकालीन बैठक का आयोजन
LG कार्यालय के अनुसार, यह बैठक सोमवार को शाम 5 बजे आयोजित की जाएगी। इसमें मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता, दिल्ली पुलिस कमिश्नर, एमसीडी, डीडीए और अन्य संबंधित एजेंसियों के प्रमुख अधिकारी शामिल होंगे। बैठक में हादसे के कारणों, बचाव कार्य की स्थिति, अवैध निर्माणों पर कार्रवाई और भविष्य में ऐसे हादसों को रोकने के उपायों पर चर्चा की जाएगी।
हादसे में हुई जानमाल की हानि
दक्षिण दिल्ली के सत्य निकेतन क्षेत्र में रविवार दोपहर लगभग 1:30 बजे एक पुरानी इमारत ढह गई। यह इमारत बॉयज पेइंग गेस्ट के रूप में कार्यरत थी। इस हादसे में अब तक छह लोगों की जान जा चुकी है, जबकि 11-12 लोगों को मलबे से सुरक्षित निकाला गया है। कई अन्य लोग अभी भी फंसे होने की आशंका है। एनडीआरएफ, दमकल विभाग, पुलिस और अन्य टीमें रातभर बचाव कार्य में जुटी रहीं।
मुख्यमंत्री का घटनास्थल पर दौरा
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने सोमवार सुबह फिर से घटनास्थल का दौरा किया। उन्होंने बताया कि बेसमेंट में पानी भरने और पुरानी इमारत में चल रहे मरम्मत कार्य के कारण यह हादसा हुआ। सीएम ने निर्देश दिए कि दिल्ली में नियमों का उल्लंघन कर बनाई गई अवैध इमारतों को तुरंत सील किया जाए। उन्होंने कहा कि दोषी अधिकारियों और भवन मालिक के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस की कार्रवाई
पुलिस ने भवन मालिक हरिराम बंसल और अन्य के खिलाफ गैर-इरादतन हत्या और लापरवाही के आरोपों में एफआईआर दर्ज की है। बताया जा रहा है कि मालिक फरार है। मुख्यमंत्री ने पहले ही मजिस्ट्रियल जांच के आदेश दिए हैं।
भविष्य की सुरक्षा के उपाय
LG की इस उच्चस्तरीय बैठक से उम्मीद है कि सभी एजेंसियों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित होगा और जर्जर तथा अवैध इमारतों के खिलाफ ठोस कार्रवाई का रोडमैप तैयार किया जाएगा। दिल्लीवासियों की सुरक्षा को लेकर प्रशासन अब और अधिक सक्रिय हो गया है।
