दहेज के लिए दूल्हे को मिला सबक, शादी में हुआ हंगामा
दहेज प्रथा का काला सच
हालांकि हमारे देश में दहेज लेना और देना दोनों ही अवैध हैं, फिर भी यह प्रथा समाज में प्रचलित है। विशेषकर उत्तर प्रदेश और बिहार में, दहेज की मांग एक परंपरा बन गई है। शादी से पहले, लड़के वाले अपनी आवश्यकताओं की सूची लड़की वालों को सौंप देते हैं। कई बार तो यह भी सुनने को मिलता है कि यदि दूल्हे के परिवार की मांगें पूरी नहीं होतीं, तो शादी टूटने की कगार पर पहुँच जाती है। दहेज न देने के कारण लड़कियों को अक्सर ससुराल में प्रताड़ित किया जाता है। यह प्रथा हमारे समाज के लिए एक अभिशाप बन चुकी है, लेकिन इसके बावजूद इसमें कोई बदलाव नहीं आ रहा।
अमेठी में दूल्हे को मिला सबक
हाल ही में उत्तर प्रदेश के अमेठी जिले में एक दूल्हे को दहेज की मांग के लिए ऐसा सबक सिखाया गया कि वह इसे कभी नहीं भूलेगा। शादी के दौरान दूल्हे ने दहेज में बाइक की जगह बुलेट की मांग की, जो उसके लिए भारी पड़ गया। दुल्हन के परिवार ने दूल्हे को न केवल पीटा, बल्कि उसे पुलिस के आने तक बंधक भी बना कर रखा। इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।
शादी का माहौल बदल गया
यह घटना अमेठी के केसरिया सलीमपुर गांव की है, जहां 17 मई को नसीम अहमद की बेटी की शादी थी। बारात रायबरेली जिले से आई थी। दूल्हा मोहम्मद आमिर शादी की रस्मों में शामिल था, लेकिन खाने की रस्म के दौरान उसने बाइक की जगह बुलेट की मांग की। दुल्हन के परिवार ने इस मांग को मान लिया और दूल्हे के परिवार को दो लाख रुपये का चेक भी दिया। लेकिन दूल्हा और उसके पिता ने विदाई तभी करने की बात कही जब बुलेट उपलब्ध कराई जाएगी।
दुल्हन ने किया इनकार
इस विवाद के चलते शादी का माहौल गमगीन हो गया। दूल्हा और उसके पिता ने गालियां देना शुरू कर दिया और चेक फाड़ दिया। दुल्हन के परिवार ने ग्रामीणों की मदद से दूल्हे को बंधक बना लिया और उसकी पिटाई की। जब दुल्हन को इस घटना का पता चला, तो उसने ससुराल जाने से मना कर दिया।
पुलिस ने दुल्हन के परिवार की सूचना पर मौके पर पहुंचकर दूल्हे और उसके पिता को छुड़ाया और थाने ले गई। इस मामले में दहेज उत्पीड़न का केस दर्ज किया गया है।
