ठाणे में बकरीद से पहले विवाद, तीन लोग घायल
महाराष्ट्र के ठाणे जिले में बकरीद से पहले एक शेड के निर्माण को लेकर विवाद ने एक हाउसिंग सोसाइटी में तनाव पैदा कर दिया। इस घटना में तीन लोग घायल हुए हैं। विश्व हिंदू परिषद और बजरंग दल के सदस्यों ने निवासियों के साथ मिलकर अस्थायी शेड के निर्माण का विरोध किया। एक व्यक्ति ने चाकू से हमला किया, जिसके बाद झड़प हुई। राजनीतिक प्रतिक्रियाएं भी सामने आई हैं, जिसमें भाजपा विधायक ने अवैध वध के खिलाफ चेतावनी दी। जानें इस विवाद की पूरी कहानी।
| May 26, 2026, 19:31 IST
ठाणे में तनावपूर्ण स्थिति
महाराष्ट्र के ठाणे जिले में बकरीद से पहले एक शेड के निर्माण और कुर्बानी के बकरियों को बांधने को लेकर विवाद ने एक हाउसिंग सोसाइटी में तनाव उत्पन्न कर दिया, जिसमें कम से कम तीन लोग घायल हुए। पुलिस के अनुसार, मीरा रोड उपनगर में यह हिंसा तब शुरू हुई जब विश्व हिंदू परिषद (वीएचपी) और बजरंग दल के सदस्यों ने निवासियों के साथ मिलकर अस्थायी शेड के निर्माण और बकरियों को बांधने का विरोध किया। 26 मई की रात लगभग 12:50 बजे, एक व्यक्ति कथित तौर पर समूह के पास आया और स्थानीय वीएचपी नेता नागनाथ कांबले के बारे में जानकारी मांगी। जब प्रदर्शनकारियों ने उसकी पहचान और इरादे के बारे में सवाल किए, तो उसने चाकू निकालकर उन पर हमला करने की कोशिश की। इस झड़प में, उसने कई लोगों को चाकू से घायल कर दिया। घायलों का संबंध वीएचपी से बताया जा रहा है। हर्ष सिंह की शिकायत पर एफआईआर दर्ज की गई, जो इस घटना में घायल हुए थे। आरोपी को बाद में गिरफ्तार कर लिया गया।
विरोध प्रदर्शन और तनाव
तनाव बढ़ा
जब वीएचपी और बजरंग दल के कार्यकर्ता सोसाइटी के गेट पर इकट्ठा हुए और हनुमान चालीसा का पाठ किया, तो तनाव और बढ़ गया। उन्होंने आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की। पुलिस ने कुछ प्रदर्शनकारियों को भी रोका, जिन्होंने कथित तौर पर एक सुअर को सोसायटी परिसर में लाने का प्रयास किया। उनका कहना था कि वे बकरियों को रखने के विरोध में "वराह पूजा" कर रहे थे। हालांकि, वराह पूजा मुख्य रूप से वराह जयंती पर होती है, जो भगवान विष्णु के वराह अवतार का जन्मदिवस है और इस वर्ष यह 12 सितंबर को मनाई जाएगी। संभागीय पुलिस आयुक्त सहित वरिष्ठ पुलिस अधिकारी मौके पर पहुंचे ताकि तनाव को कम किया जा सके और दोनों समूहों के बीच मध्यस्थता की जा सके।
राजनीतिक प्रतिक्रियाएं
तनाव से भड़की प्रतिक्रियाएं
इस विवाद पर राजनीतिक प्रतिक्रियाएं भी सामने आईं। बोरीवली से भाजपा विधायक संजय उपाध्याय ने अवैध वध के खिलाफ चेतावनी दी और विरोध प्रदर्शन को हाउसिंग सोसाइटियों में सूअर लाए जाने से जोड़ते हुए विवादास्पद टिप्पणी की। उन्होंने कहा कि बोरीवली के सुमेर हाइट्स में एक मुस्लिम परिवार रहता है, लेकिन वे छह बकरियां ले आए। पूरी सोसाइटी उनके खिलाफ है। मीरा रोड में भी ऐसी ही घटनाएं हो रही हैं। अगर अल्पसंख्यक समुदाय संविधान का पालन नहीं करता और शरिया कानून का पालन करता है, तो हम बकरियों का जवाब सूअरों से देंगे।
