गौतम गोगोई ने असम सरकार पर साधा निशाना, चुनावी रणनीति का किया खुलासा

गौतम गोगोई का मीडिया से संवाद
Sivasagar, 30 अगस्त: कांग्रेस के 'वोट चोर गद्दी छोड़' अभियान के तहत, असम प्रदेश कांग्रेस समिति (APCC) के अध्यक्ष और लोकसभा में विपक्ष के उपनेता, गौतम गोगोई ने हाल ही में राजीव भवन में मीडिया से बातचीत की। इस अवसर पर शिवसागर जिला कांग्रेस समिति के अध्यक्ष अजय गोगोई, पूर्व माजुली विधायक राजीव लोचन पेगू, APCC के सचिव सुभ्रमित्र गोगोई और अन्य वरिष्ठ कांग्रेस नेता उपस्थित थे।
गोगोई ने हिमंत बिस्वा सरमा के नेतृत्व वाली राज्य सरकार पर तीखा हमला किया और मुख्यमंत्री की तुलना महाभारत के 'शकुनी मामा' से की। उन्होंने कहा कि सरमा का ध्यान एकता के बजाय घर को नष्ट करने पर है।
गोगोई ने आगे कहा कि भारत के चुनाव आयोग अब भाजपा का प्रवक्ता बनता जा रहा है और राहुल गांधी द्वारा भाजपा पर लगाए गए आरोपों पर ध्यान नहीं दे रहा है। APCC के अध्यक्ष ने कहा कि भाजपा के पास 'गाय चोर' के साथ-साथ 'वोट चोर' भी हैं।
उन्होंने आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री केवल पूंजीपतियों के लिए काम कर रहे हैं और अम्बानी और अदानी को जमीन देने में व्यस्त हैं।
गोगोई ने कहा कि असम विभिन्न श्रेणियों में भारत के अंतिम पांच जिलों में शामिल है, जिसमें शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाएं शामिल हैं। उन्होंने बताया कि डिब्रूगढ़ उत्तर पूर्व के 110 जिलों में 18वें स्थान पर है। गोगोई ने टिप्पणी की कि पिछले एक दशक में केवल हिमंत बिस्वा सरमा और उनके परिवार का विकास हुआ है।
गोगोई ने संकेत दिया कि कांग्रेस 2026 के चुनावों में सभी हितधारकों से बातचीत करके एकजुटता के साथ चुनाव लड़ेगी। उन्होंने कांग्रेस कार्यकर्ताओं को 'वोट चोरी' के खिलाफ सतर्क रहने की सलाह दी। APCC के अध्यक्ष ने आगे कहा कि अखिल गोगोई को राजनीतिक गठबंधनों पर सार्वजनिक टिप्पणियों में संयम बरतना चाहिए।
राज्य में बांग्लादेशी बसने वालों के समर्थन में कार्यकर्ता सैयदा हमीद की टिप्पणी पर गोगोई ने कहा कि उन्हें असम का इतिहास नहीं पता। APCC के अध्यक्ष ने राज्य में सभी अवैध बसने वालों के निर्वासन की मांग की।