गुजरात में बड़े ड्रग रैकेट का भंडाफोड़, 115 किलोग्राम कोकीन जब्त
गुजरात में ड्रग रैकेट का खुलासा
गुजरात के आतंकवाद निरोधक दस्ते (एटीएस) और भारतीय तटरक्षक बल ने मुंद्रा बंदरगाह के निकट एक बड़े ड्रग रैकेट का पर्दाफाश करते हुए 115 किलोग्राम कोकीन जब्त की, जिसकी कीमत लगभग 1,150 करोड़ रुपये है। अधिकारियों ने बुधवार को यह जानकारी साझा की।
गुजरात के पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) केएलएन राव ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि 'यूरोप' नामक मालवाहक जहाज लैटिन अमेरिका, मैक्सिको, अमेरिका और कराची (पाकिस्तान) से होते हुए कच्छ जिले के मुंद्रा बंदरगाह पर पहुंचा।
मादक पदार्थ की तस्करी की योजना
एटीएस ने बताया कि एक आरोपी के अनुसार, यह मादक पदार्थ पिछले साल नवंबर में ब्राजील में जहाज पर लादा गया था और इसे चालक दल के अन्य सदस्यों की जानकारी के बिना मोटर रूम में छिपाया गया था।
अधिकारियों ने बताया कि जहाज से तंजानिया के नागरिक जुमा नासिर उमर को गिरफ्तार किया गया, जबकि दिल्ली पुलिस की मदद से राष्ट्रीय राजधानी के द्वारका क्षेत्र से दो अन्य विदेशी नागरिकों को पकड़ा गया, जो इस खेप को लेने आए थे।
तलाशी अभियान और बरामदगी
डीजीपी ने बताया कि एक अन्य संदिग्ध की तलाश जारी है, जो तंजानिया का नागरिक है और अभियान के दौरान समुद्र में कूद गया।
अधिकारियों ने कहा कि खेप के बैग से जीपीएस उपकरण, उपग्रह संचार उपकरण और एयरटैग भी बरामद किए गए, जो यह दर्शाते हैं कि मादक पदार्थ की निगरानी की जा रही थी।
राव ने कहा कि एटीएस ने ब्राजील से समुद्री मार्ग से कोकीन की तस्करी के संबंध में विशिष्ट खुफिया जानकारी के आधार पर यह अभियान चलाया।
अभियान की सफलता
26 मई को तड़के, संयुक्त टीम ने तट के पास 'यूरोप' नामक जहाज को रोका और तलाशी अभियान शुरू किया।
जैसे ही तटरक्षक का पोत जहाज के पास पहुंचा, चालक दल के दो सदस्यों ने भारी बैग समुद्र में फेंक दिए। अधिकारियों ने कम दृश्यता के बावजूद पानी से पांच बैग बरामद किए, जिनमें से 115 पैकेट कोकीन मिली।
जब्त की गई कोकीन का अंतरराष्ट्रीय बाजार में मूल्य लगभग 1,150 करोड़ रुपये है।
आगे की कार्रवाई
डीजीपी ने बताया कि एटीएस ने दिल्ली पुलिस की सहायता से दो संदिग्धों को पकड़ा और उन्हें आगे की जांच के लिए गुजरात लाया जा रहा है।
अधिकारियों ने कहा कि जब्त मादक पदार्थ और संबंधित इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों को कब्जे में ले लिया गया है और एनडीपीएस अधिनियम के तहत जांच की जा रही है।
यह अभियान अंतरराष्ट्रीय समुद्री मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ एक महत्वपूर्ण सफलता है और पिछले पांच वर्षों में एटीएस और तटरक्षक द्वारा चलाए गए 15 सफल अभियानों में से एक है।
