गुजरात टाइटंस और राजस्थान रॉयल्स के बीच टॉस विवाद: आईपीएल 2026 क्वालिफायर 2 की कहानी

आईपीएल 2026 के क्वालिफायर 2 में गुजरात टाइटंस और राजस्थान रॉयल्स के बीच टॉस विवाद ने सभी का ध्यान खींचा। इस मैच में टॉस दो बार हुआ, जिससे खिलाड़ियों और दर्शकों में भ्रम की स्थिति उत्पन्न हुई। जानें इस दिलचस्प घटना के पीछे की पूरी कहानी और मैच के परिणाम के बारे में।
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गुजरात टाइटंस और राजस्थान रॉयल्स के बीच टॉस विवाद: आईपीएल 2026 क्वालिफायर 2 की कहानी gyanhigyan

गुजरात टाइटंस बनाम राजस्थान रॉयल्स: टॉस विवाद

GT vs RR मैच विवाद: आईपीएल 2026 के क्वालीफायर 2 में आज गुजरात टाइटंस और राजस्थान रॉयल्स के बीच मुकाबला हुआ। इस मैच में टॉस जीतने का श्रेय राजस्थान के कप्तान रियान पराग को मिला, जिन्होंने पहले बल्लेबाजी करने का निर्णय लिया। हालांकि, इस मैच में टॉस दो बार हुआ, जो कि एक अनोखी घटना थी।

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गुजरात टाइटंस और राजस्थान रॉयल्स के बीच इस मैच में दो बार टॉस होने का कारण जानने के लिए आगे पढ़ें।

टॉस के दो बार होने का कारण

इस मैच में पहले टॉस के दौरान सिक्का गिरा, लेकिन मैच रेफरी यह तय नहीं कर पाए कि यह किसके पक्ष में गिरा। इसके बाद, सिक्का फिर से उछाला गया और इस बार रियान पराग के पक्ष में गिरा।

पराग ने हेड कहा था। टॉस जीतने के बाद उन्होंने पहले बल्लेबाजी करने का निर्णय लिया। लेकिन यह जानना दिलचस्प है कि दो बार टॉस कराने की आवश्यकता क्यों पड़ी, जिससे शुभमन गिल और पराग दोनों ही भ्रमित हो गए।

जब पहली बार सिक्का उछाला गया, तो पराग ने हेड कहा। सिक्का गिरने पर टेल आया, लेकिन रेफरी प्रकाश भट्ट ने कहा कि उन्होंने कॉल नहीं सुनी थी, इसलिए वे यह तय नहीं कर सके कि टॉस किसके पक्ष में था।

इस बीच, शुभमन गिल टॉस प्रेजेंटर रवि शास्त्री से बात करने के लिए आगे बढ़ गए थे, लेकिन उन्हें रुकना पड़ा। उन्होंने रेफरी से कुछ कहा, लेकिन रेफरी ने दोबारा टॉस कराने का निर्णय लिया। दूसरी बार भी पराग ने हेड कहा और इस बार सिक्का हेड के साथ गिरा। पराग ने फिर पहले बल्लेबाजी करने का विकल्प चुना।

गुजरात टाइटंस ने फाइनल में जगह बनाई

टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने उतरी राजस्थान रॉयल्स की शुरुआत बेहद खराब रही, जहां टीम के शुरुआती दो विकेट जल्दी गिर गए। हालांकि, वैभव सूर्यवंशी और रविंद्र जडेजा ने शानदार बल्लेबाजी की।

वैभव सूर्यवंशी ने 47 गेंदों में 96 रन बनाए, जबकि जडेजा ने 35 गेंदों में 45 रन बनाए। अंत में, फरेरा ने 12 गेंदों में 38 रन बनाकर टीम को 200 के पार पहुँचाने में मदद की।

गुजरात की टीम ने लक्ष्य का पीछा करते हुए पहले विकेट के लिए 167 रनों की साझेदारी की। साई सुदर्शन ने 32 गेंदों में 58 रन बनाए, जबकि कप्तान शुभमन गिल ने शानदार शतक लगाया और अपनी टीम को फाइनल में पहुँचाया।