कैथल संस्कृत विश्वविद्यालय में नए कुलपति की नियुक्ति

हरियाणा के महर्षि वाल्मीकि संस्कृत विश्वविद्यालय में प्रो. राजेंद्र कुमार अनायत को नए कुलपति के रूप में नियुक्त किया गया है। उन्होंने 10 जनवरी 2026 को कार्यभार ग्रहण किया। इस अवसर पर विश्वविद्यालय के सदस्यों ने उनका स्वागत किया और वैदिक मंत्रों के साथ सम्मानित किया। प्रो. अनायत की नियुक्ति को पारंपरिक संस्कृत शिक्षा और आधुनिक तकनीक के समन्वय के रूप में देखा जा रहा है। जानें उनके कार्यकाल और योगदान के बारे में।
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कैथल संस्कृत विश्वविद्यालय में नए कुलपति की नियुक्ति

प्रो. राजेंद्र कुमार अनायत बने कुलपति

हरियाणा के राज्यपाल और कुलाधिपति महर्षि वाल्मीकि संस्कृत विश्वविद्यालय, कैथल ने प्रो. असीम कुमार घोष की अध्यक्षता में प्रख्यात शिक्षाविद प्रो. राजेंद्र कुमार अनायत को विश्वविद्यालय का नया कुलपति नियुक्त किया है। प्रो. अनायत ने 10 जनवरी 2026 को विश्वविद्यालय के भीमराव अंबेडकर महाविद्यालय परिसर में कार्यभार संभाला।




इस अवसर पर विश्वविद्यालय के कुलसचिव प्रो. संजय गोयल, प्रो. भाग सिंह बोदला, डॉ. जगत नारायण और अन्य सदस्यों ने उनका स्वागत पुष्पगुच्छ देकर किया। इसके बाद, आचार्यों ने उन्हें कुलपति कक्ष तक वैदिक मंत्रों के साथ सम्मानित किया। प्रो. अनायत ने अपने अभिभाषण की शुरुआत वैदिक मंत्र 'भद्रं कर्णेभि: श्रणुयाम' से की, जिसमें उन्होंने सभी को कल्याणकारी शब्दों को सुनने, अच्छे देखने और सकारात्मक सोच रखने की प्रेरणा दी।




प्रो. अनायत इससे पहले दीनबंधु छोटूराम विज्ञान और प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय, मुरथल में दो बार कुलपति रह चुके हैं और बीपीएस महिला विश्वविद्यालय, खानपुर में भी अपनी सेवाएं दे चुके हैं। यह उनकी चौथी बार है जब वे संस्कृत विश्वविद्यालय, कैथल के कुलपति बने हैं। वे प्रिंटिंग और मीडिया प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में एक अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रसिद्ध व्यक्ति हैं। उनके शिक्षा के क्षेत्र में योगदान के लिए उन्हें मानद कर्नल की उपाधि भी प्राप्त है। प्रो. अनायत भारतीय शिक्षण मंडल के अंतर्गत भारतीय ज्ञान संपदा के अखिल भारतीय प्रमुख हैं। उनकी नियुक्ति को पारंपरिक संस्कृत शिक्षा और आधुनिक तकनीक के समन्वय के रूप में देखा जा रहा है। उनके नेतृत्व में विश्वविद्यालय प्राचीन ग्रंथों और भाषा का संरक्षण करते हुए उन्हें डिजिटल युग से भी जोड़ेगा।




ज्ञात हो कि 2 अप्रैल को पूर्व कुलपति प्रो. रमेश चंद्र भारद्वाज का कार्यकाल समाप्त होने के बाद महर्षि दयानंद विश्वविद्यालय, रोहतक के कुलपति प्रो. राजबीर सिंह को विश्वविद्यालय का अतिरिक्त कार्यभार सौंपा गया था।




कार्यभार ग्रहण समारोह में मुरथल विश्वविद्यालय से प्रो. कंवरदीप शर्मा, प्राचार्य अम्बेडकर महाविद्यालय प्रो. मनोज कुमार भाम्बू, प्रो. अनिल खुराना, डॉ. अशोक शर्मा और भारतीय शिक्षण मंडल जिला कैथल के संयोजक महेश एवं सुनील भी उपस्थित रहे। महर्षि वाल्मीकि संस्कृत विश्वविद्यालय के विभिन्न विभागों के विभागाध्यक्ष डॉ. रामानंद मिश्र, डॉ. अखिलेश कुमार मिश्र, डॉ. नरेश शर्मा, डॉ. नवीन शर्मा, डॉ. हरीश कुमार, वित्ताधिकारी कृष्ण कुमार, अधीक्षक सुभाष चंद और अंकुर गुप्ता भी समारोह में शामिल हुए।