कुमार विश्वास ने कॉकरोच जनता पार्टी पर किया तंज, बेरोजगारी के खिलाफ रैली का आयोजन

कुमार विश्वास ने कॉकरोच जनता पार्टी पर कटाक्ष करते हुए कहा कि यदि कॉकरोच हैं, तो वे हिट भी बन चुके हैं। उन्होंने यह भी बताया कि बंगाल और पंजाब की तरह इनका इलाज संभव है। इस बीच, मदुरै और विलुपुरम में बेरोजगारी के खिलाफ 'कॉकरोच रैली' का आयोजन किया गया, जिसमें सैकड़ों युवाओं ने भाग लिया। रैली का समर्थन 'कॉकरोच जनता पार्टी' के समर्थकों ने किया। जानें इस दिलचस्प घटनाक्रम के बारे में और अधिक जानकारी।
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कुमार विश्वास ने कॉकरोच जनता पार्टी पर किया तंज, बेरोजगारी के खिलाफ रैली का आयोजन gyanhigyan

कॉकरोच जनता पार्टी पर कुमार विश्वास की टिप्पणी

नई दिल्ली: प्रसिद्ध कवि कुमार विश्वास ने कॉकरोच जनता पार्टी पर कटाक्ष किया है। उन्होंने कहा कि यदि कॉकरोच हैं, तो वे हिट भी बन चुके हैं, और उनका इलाज संभव है। देहरादून में जब उनसे इस पार्टी के बारे में पूछा गया, तो उन्होंने कहा कि बंगाल या पंजाब की तरह इनका भी इलाज किया जा सकता है। हाल ही में, सोशल मीडिया पर एक ऑनलाइन अभियान ने ध्यान आकर्षित किया, जब कॉकरोच जनता पार्टी के फॉलोवर्स की संख्या तेजी से बढ़ने लगी। कुछ ही दिनों में, इस अकाउंट को दो करोड़ से अधिक लोगों ने फॉलो किया।


कॉकरोच जनता पार्टी पर कुमार विश्वास की प्रतिक्रिया

कॉकरोच जनता पार्टी के संदर्भ में कुमार विश्वास ने पत्रकारों से कहा, "जब मैंने पहली बार कॉकरोच के बारे में सुना, तो मेरी मां ने बताया था कि ये अंधेरे में रहते हैं और समूह में होते हैं। ये बनी-बनाई व्यवस्थाओं को नष्ट करते हैं। यदि कॉकरोच का निर्माण हुआ है, तो यह देश में हिट भी बने हैं और कई हिट जागरूक हैं। ये हिट लगातार कार्यक्रमों में शामिल हैं, चाहे बंगाल की तरह हो या पंजाब की तरह, कॉकरोचों का इलाज संभव है।"


कॉकरोच जनता पार्टी की उत्पत्ति

पिछले सप्ताह भारत के प्रधान न्यायाधीश सूर्यकांत ने एक मुकदमे की सुनवाई के दौरान कॉकरोच और परजीवी जैसी टिप्पणियां की थीं, जिससे विवाद उत्पन्न हुआ। इस पर प्रतिक्रिया स्वरूप, 'कॉकरोच जनता पार्टी' नामक एक व्यंग्यात्मक डिजिटल संगठन का गठन हुआ। सीजेआई ने बाद में स्पष्ट किया कि उनकी टिप्पणियों को गलत तरीके से उद्धृत किया गया था।


बेरोजगारी के खिलाफ कॉकरोच रैली

मदुरै और विलुपुरम में रविवार को सैकड़ों युवाओं ने बेरोजगारी के खिलाफ 'कॉकरोच रैली' का आयोजन किया। यह रैली डेमोक्रेटिक यूथ फेडरेशन ऑफ इंडिया (डीवाईएफआई) और स्टूडेंट्स फेडरेशन ऑफ इंडिया (एसएफआई) द्वारा आयोजित की गई थी। रैली का समर्थन 'कॉकरोच जनता पार्टी' के समर्थकों ने किया। यह रैली गांधी संग्रहालय परिसर से शुरू हुई, जिसमें शामिल युवा हाथों में तख्तियां लिए हुए थे, जिन पर लिखा था, "हमें काम चाहिए, हमें जीवन चाहिए, हमें सम्मान चाहिए" और "बेरोजगार कॉकरोच की रैली"।


पुलिस की तैनाती

महाराष्ट्र के हिंगोली जिले के पुलिस उपायुक्त पंकज अतुलकर ने बताया कि 'कॉकरोच जनता पार्टी' के संस्थापक अभिजीत दिपके के घर के बाहर पुलिस तैनात की गई है। दिपके अभी अमेरिका में पढ़ाई कर रहे हैं। यह कदम तब उठाया गया जब उनकी वेबसाइट और सोशल मीडिया अकाउंट बंद पाए गए। दिपके ने पहले ऑनलाइन धमकी मिलने की जानकारी दी थी। अतुलकर ने कहा, "लोग दिपके और उनकी 'कॉकरोच जनता पार्टी' के बारे में बहुत उत्सुक हैं। किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के लिए उनके घर के पास पुलिस तैनात की गई है।"