कुत्तों के लिए घी का सेवन: जानें क्यों होता है नुकसान
कुत्तों के स्वास्थ्य पर घी का प्रभाव
आपने अक्सर सुना होगा कि 'कुत्तों को घी हजम नहीं होता'। इसका अर्थ है कि यदि किसी व्यक्ति को अच्छा अवसर मिले, तो भी वह उसे सही तरीके से नहीं भुना पाता। लेकिन क्या आप जानते हैं कि वास्तव में कुत्तों का पाचन तंत्र घी को सहन नहीं कर पाता? यदि उन्हें अधिक मात्रा में घी दिया जाए, तो यह उनकी जान के लिए खतरा बन सकता है।
कुत्ते आमतौर पर लगभग 12 साल तक जीवित रहते हैं और उनकी इंद्रियां जैसे सुनना, देखना, सूंघना, चखना और छूना बहुत विकसित होती हैं। वे अपश्रव्य तरंगों को भी सुन सकते हैं और कुछ लोग मानते हैं कि वे पृथ्वी के चुंबकीय क्षेत्र को भी देख सकते हैं। कुत्ता Canidae परिवार का सदस्य है, जिसका वैज्ञानिक नाम Canis lupus familiaris है।
कुत्ते के काटने या चाटने पर क्या करें?
कुत्ते को इंसान का वफादार साथी माना जाता है और कई लोग इन्हें अपने घरों में रखते हैं। यदि कुत्ता आपको काट ले, तो यह रेबीज का कारण बन सकता है, जो आपके तंत्रिका तंत्र को प्रभावित करता है। वहीं, यदि कुत्ता आपको चाटता है, तो सेप्टीसीमिया का खतरा होता है। इसलिए, कुत्ते का काटना और चाटना दोनों ही खतरनाक हो सकते हैं।
कुत्तों को घी हजम करने में कठिनाई क्यों होती है?
अब हम मुख्य मुद्दे पर आते हैं: कुत्तों को घी हजम करने में कठिनाई क्यों होती है? इसका कारण उनके पाचन तंत्र में है। कुत्तों का पाचन तंत्र वसा को पचाने में कठिनाई महसूस करता है क्योंकि उनके शरीर में वसा को पचाने वाले एंजाइम, जिसे lipase कहा जाता है, की मात्रा बहुत कम होती है। यही कारण है कि कुत्ते घी या दूध से बने उत्पादों को ठीक से नहीं पचा पाते।
यदि आप कुत्ते को घी या दूध जैसी चीजें अधिक मात्रा में देते हैं, तो इससे अग्नाशयशोथ (Pancreatitis) हो सकता है, जो उनकी जान के लिए खतरा बन सकता है। हालांकि, यदि कभी-कभी उन्हें थोड़ी मात्रा में दूध या दही दी जाए, तो वे इसे पचा सकते हैं।
