किडनी रोगियों के लिए 3 प्रभावी उपाय
किडनी रोगियों के लिए कुछ प्राकृतिक उपाय बेहद फायदेमंद हो सकते हैं। इस लेख में हम तीन प्रभावी उपायों के बारे में चर्चा करेंगे, जिनमें नीम और पीपल की छाल का काढ़ा, गेहूं के जवारों और गिलोय का रस, और गोखरू कांटा का काढ़ा शामिल हैं। ये उपाय न केवल किडनी के स्वास्थ्य में सुधार कर सकते हैं, बल्कि अन्य स्वास्थ्य लाभ भी प्रदान कर सकते हैं। जानें कैसे इन उपायों का सेवन करना है और इनके लाभ क्या हैं।
| Apr 27, 2026, 12:37 IST
किडनी के रोगियों के लिए 3 प्रभावी उपाय
किडनी के रोगियों के लिए 3 प्रभावी उपाय:
- किडनी के रोगियों के लिए, चाहे वे डायलिसिस पर हों या नहीं, और चाहे उनका क्रिएटिनिन या यूरिया स्तर कितना भी बढ़ा हो, कुछ विशेष उपाय हैं जो उन्हें इस गंभीर बीमारी से राहत दिला सकते हैं। आइए जानते हैं...
नीम और पीपल की छाल का काढ़ा: पहला उपाय
- आवश्यक सामग्री:
- नीम की छाल – 10 ग्राम
- पीपल की छाल – 10 ग्राम
- बनाने की विधि: 3 गिलास पानी में 10 ग्राम नीम की छाल और 10 ग्राम पीपल की छाल डालकर उबालें जब तक पानी आधा न रह जाए। इस काढ़े का सेवन दिन में 3-4 बार करें। इससे क्रिएटिनिन का स्तर सात दिन में सामान्य हो सकता है।
गेहूं के जवारों और गिलोय का रस: दूसरा उपाय
- आवश्यक सामग्री:
- गेहूं के जवारों का रस
- गिलोय का रस
- बनाने की विधि: गेहूं की घास को नियमित रूप से पीने से रोगी को लाभ होता है। गिलोय का रस मिलाने से यह मिश्रण और भी प्रभावी हो जाता है। रोजाना सुबह खाली पेट इसका सेवन करें।
- 50 ग्राम गेहूं के जवारों का रस और एक अंगुली मोटी गिलोय की डंडी का रस मिलाकर सुबह खाली पेट लें। इससे रक्तचाप में सुधार होता है और रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ती है।
- इस मिश्रण का सेवन करने से कई प्रकार के कैंसर से भी राहत मिलती है।
गोखरू कांटा का काढ़ा: तीसरा उपाय
- बनाने की विधि: 250 ग्राम गोखरू कांटा को 4 लीटर पानी में उबालें। जब पानी एक लीटर रह जाए, तो इसे छानकर बोतल में भर लें। सुबह और शाम इसे हल्का गुनगुना करके 100 ग्राम पीएं।
- 15 दिन में यदि सुधार न दिखे, तो डॉक्टर से सलाह लें।
- ध्यान दें: उपरोक्त तीन उपायों में से कोई एक चुनें जो आपकी शारीरिक स्थिति के अनुसार हो।
