कविता की अनोखी प्रेम कहानी: सहेली के पिता से बढ़ा प्यार
कविता का पारिवारिक जीवन
कविता (बदला हुआ नाम) अपनी माँ और छोटी बहन के साथ रहती है। उसके पिता का निधन तब हुआ जब वह छोटी थी। उसकी सबसे करीबी दोस्त रीना (बदला हुआ नाम) है, जो कॉलेज में उसकी साथी बनी। कविता के जीवन में कुछ ही दोस्त हैं, इसलिए रीना की दोस्ती उसके लिए बहुत महत्वपूर्ण है। पढ़ाई के कारण वह अक्सर रीना के घर जाती है।
सहेली के पिता से हुआ इश्क
कविता की मुलाकात रीना के पिता से होती है, जो कॉलेज में आर्ट्स के प्रोफेसर हैं। कविता को पेंटिंग्स बनाने का शौक है और उसने अपनी पेंटिंग्स का एग्जीबिशन भी किया है। दोनों के बीच पेंटिंग्स पर कई बार गहरी बातचीत होती है। रीना के पिता आकर्षक हैं और उनका व्यक्तित्व भी प्रभावशाली है।
कविता को यह समझ नहीं आया कि कब वह रीना के पिता के प्रति आकर्षित हो गई। हालांकि, रीना के पिता ने कभी भी उसके साथ कोई फ़्लर्ट नहीं किया, बल्कि उसे हमेशा सही मार्गदर्शन दिया। लेकिन कविता ने मन ही मन उन्हें चाहना शुरू कर दिया। एक दिन उसने हिम्मत जुटाकर अपनी भावनाएँ व्यक्त की।
नहीं होना चाहती अंकल से जुदा
कविता की भावनाओं को जानकर रीना के पिता थोड़े चौंक गए, लेकिन बाद में उन्होंने स्वीकार किया कि उन्हें कविता का साथ पसंद है। इसके बाद दोनों डेट पर जाने लगे। कविता ने इस रिश्ते में कोई सीमा नहीं लांघी, लेकिन उसका प्यार बढ़ता गया।
कविता का कॉलेज में कभी कोई बॉयफ्रेंड नहीं रहा और उसे किसी लड़के में दिलचस्पी नहीं थी। रीना अक्सर उसे चिढ़ाती थी कि उसका मिस्टर परफेक्ट कब आएगा। लेकिन अब कविता को यह बताना मुश्किल था कि उसके सपनों का राजकुमार कोई और नहीं, बल्कि रीना के पिता हैं।
एक्सपर्ट ने दी सलाह
कविता को यह डर था कि अगर उसने रीना को सब बताया तो उनकी दोस्ती टूट सकती है। रीना के परिवार में भी इससे हलचल मच सकती है। इस स्थिति में, रीना ने एक रिलेशनशिप काउंसलर से सलाह ली।
काउंसलर ने कहा कि इस उम्र में बड़े लोगों की ओर आकर्षण सामान्य है, खासकर जब पिता का साया न हो। लेकिन इस रिश्ते का कोई भविष्य नहीं है क्योंकि रीना के पिता शादीशुदा हैं और एक प्रतिष्ठित परिवार से हैं। यह सिर्फ एक अस्थायी आकर्षण है। बेहतर होगा कि वह अपने लिए एक उपयुक्त जीवनसाथी की तलाश करें।
