उदयपुर के नला गांव में बिजली की कमी से युवाओं का विवाह प्रभावित

उदयपुर के नला गांव में बिजली की कमी ने युवाओं के विवाह को संकट में डाल दिया है। यहां के निवासी अंधेरे में जीने को मजबूर हैं, जिससे उनके भविष्य पर गंभीर असर पड़ रहा है। सुरेश जैसे युवक शादी के योग्य होते हुए भी रिश्ते नहीं बना पा रहे हैं, क्योंकि उनके घर में बिजली नहीं है। ग्रामीणों ने इस समस्या के समाधान के लिए प्रशासन से गुहार लगाई है। जानें इस मुद्दे की पूरी कहानी और इसके पीछे की जटिलताएं।
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उदयपुर के नला गांव में बिजली की कमी से युवाओं का विवाह प्रभावित

बिजली की कमी से युवाओं का भविष्य संकट में

उदयपुर के नला गांव में बिजली की कमी से युवाओं का विवाह प्रभावित

उदयपुर: आधुनिक भारत में जहां डिजिटल प्रगति और सौर ऊर्जा की चर्चा हो रही है, वहीं उदयपुर के गिर्वा ब्लॉक के नला गांव से एक चिंताजनक स्थिति सामने आई है। यहां बिजली की अनुपस्थिति केवल अंधेरे का कारण नहीं बनी, बल्कि यह युवाओं के भविष्य और उनके विवाह के लिए भी एक बड़ी बाधा बन गई है।

गांव के एक हिस्से में युवा कुंवारे बैठे हैं, क्योंकि कोई भी पिता अपनी बेटी को ऐसे घर में नहीं भेजना चाहता, जहां बिजली की सुविधा नहीं है।

दुल्हन के बिना अंधेरा
नला के सुरेश, जो शादी के योग्य हैं, की कहानी अब पूरे क्षेत्र में चर्चा का विषय बन गई है। सुरेश के रिश्ते आ रहे हैं, लेकिन जब लड़की के परिवार को पता चलता है कि उनके घर में बिजली नहीं है, तो वे पीछे हट जाते हैं।

सरकारी सिस्टम की जटिलताएं और भ्रष्टाचार के आरोप
सुरेश ने बताया कि उसने तीन महीने पहले बिजली कनेक्शन के लिए प्रयास किए, लेकिन सरकारी प्रक्रियाओं में उसकी गुहार दब गई। विभाग का कहना है कि मुख्य बिजली लाइन गांव से लगभग 500 मीटर दूर है, जिससे नए बुनियादी ढांचे की स्थापना में तकनीकी और वित्तीय समस्याएं आ रही हैं।

ग्रामीणों ने बिजली विभाग के कर्मचारियों पर गंभीर आरोप लगाए हैं। सुरेश और अन्य का कहना है कि जब उन्होंने लाइनमैन से संपर्क किया, तो उसने कनेक्शन के लिए बड़ी राशि की मांग की, जो एक गरीब मजदूर के लिए जुटाना असंभव है।

विकास की दौड़ में पीछे छूटे ग्रामीण
नला गांव की इस बस्ती में लगभग 10 घर हैं, जो आज भी लालटेन और मोमबत्ती के युग में जीने को मजबूर हैं। ग्रामीणों का आक्रोश बढ़ता जा रहा है। उनका कहना है कि सरकार ‘हर घर बिजली’ का दावा करती है, लेकिन महज 500 मीटर की दूरी एक युवक के घर बसने में बाधा बन गई है।

ग्रामीणों ने जिला प्रशासन और बिजली निगम के उच्चाधिकारियों से अपील की है कि इस मानवीय समस्या का समाधान तुरंत किया जाए, ताकि नला गांव में भी बिजली की रोशनी में शहनाइयां गूंज सकें।